कुल्लू। उपमंडल बंजार के तहत आने वाले 20 गांवों के घरेलू उपभोक्ताओं को अब मकान बनाने और बिजली कनेक्शन के लिए टाउन एंड कंट्री प्लानिंग (टीसीपी) की अनुमति लेनी होगी। पहले पंचायतों द्वारा यह अनुमति दी जाती थी, लेकिन अब नगर पंचायत बंजार और आसपास के गांवों को टीसीपी के दायरे में लाने के बाद यह अनिवार्य कर दिया गया है।
नगर पंचायत के अंतर्गत आने वाले उपभोक्ताओं को भी सितंबर 2018 से अब तक लगे घरेलू कनेक्शनों और नए आवेदन के लिए टीसीपी एक्ट 1977 के तहत एनओसी लेना अनिवार्य कर दिया गया है। फरवरी 2024 के बाद इन गांवों में बिजली बोर्ड द्वारा लगाए गए घरेलू कनेक्शन के लिए भी टीसीपी की अनुमति आवश्यक होगी। यदि कोई उपभोक्ता बिना एनओसी के बिजली कनेक्शन लेता है, तो उसे सरकार से मिलने वाली सब्सिडी नहीं मिलेगी और उसे बिजली की उच्चतम टैरिफ दरों का भुगतान करना होगा।
गौर रहे कि नगर पंचायत बंजार सहित इन 20 गांवों में हजारों की आबादी रहती है। टीसीपी को लेकर वर्ष 2024 में बंजार के जिभी में प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों की संयुक्त बैठक भी हुई थी। अब टीसीपी के नियमों का असर दिखने लगा है।
किन गांवों पर लागू होंगे नए नियम?
बंजार के रतवाह, तरगाली, पलाहच, कलवारी, पेखड़ी, तिंदर, चिपणी, मशियार, शिल्ही, शरची, बीणी, रशाला, घियागी, सजवाड़, करशाईगाड़ दो, सिराज, तांदी, बाहू, बलागाड़, चेत्थर गांवों में अब मकान निर्माण और बिजली कनेक्शन के लिए टीसीपी की एनओसी जरूरी होगी।
चिह्नित गांवों में उपभोक्ता को घरेलू विद्युत कनेक्शन के लिए टीसीसी की एनओसी लेना आवश्यक है। इस संबंध में उपभोक्ताओं को सूचित कर दिया गया है। बिना टीसीपी की एनओसी के बिजली यूनिट में उच्चतम स्लैब लगेगा। साथ ही बिजली पर मिलने वाली सब्सिडी से भी वंचित हो जाएंगे। -शशिकांत, सहायक अभियंता, विद्युत उपमंडल बंजार
नगर पंचायत बंजार अब टीसीपी के दायरे में आ गई है। नगर पंचायत के आसपास के 20 गांव भी इसमें शामिल हो गए है। इन गांवों लोगों को मकान बनाने के लिए टीसीपी से नक्शा पास करवाना होगा। इसके बाद भी निर्माण कर सकेंगे। -हर्षित शर्मा, सचिव नगर पंचायत बंजार