कुल्लू। जिला कुल्लू में प्लम की रेड ब्यूट किस्म के बाद बुधवार को सेंटा रोजा ने सब्जी मंडियों में दस्तक दे दी है। स्थानीय सब्जी मंडियों में सेंटा रोजा प्लम 70 रुपये प्रति किलो तक बिका। बाहरी राज्यों में प्लम की मांग अधिक है। इसके चलते सीजन के शुरूआत में बागवानों को प्लम के बेहतर दाम मिल रहे हैं। हालांकि रेड ब्यूट को 90 से 95 रुपये किलो तक दाम मिल रहे हैं।
कोरोना काल में महंगाई के बीच अच्छे दाम मिलना बागवानों के लिए राहत भरी खबर है। पिछले साल के मुकाबले प्लम के दामों में इस बार 20 से 30 फीसदी तक उछाल है। विटामिन सी होने के चलते मंडी में प्लम आते ही यह हाथोंहाथ बिक रहा है। आगामी दिनों में प्लम के दाम अभी ओर बढ़ने की उम्मीद है। कोरोना संक्रमण से बचने के लिए विशेषज्ञ चिकित्सक लोगों को विटामिन युक्त फलों का सेवन करने की सलाह दे रहे हैं। प्लम में विटामिन ए और एंटी ऑक्सीडेंट भी पर्याप्त मात्रा में होते हैं। विटामिन ए आंखों को स्वस्थ रखने में मदद करता है तो एंटीऑक्सीडेंट शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है। हालांकि देखने को मिलता है कि जो फसल कम है, उसके बागवानों को बेहतर दाम मिलते हैं। लेकिन पिछले वर्ष के मुकाबले सेंटा रोजा प्लम की फसल 30 फीसदी अधिक है। इसके बावजूद सीजन की शुरूआत में प्लम के दाम आसमान छू रहे हैं। बागवान वेदराम, बुधराम, राकेश ने कहा कि इस वर्ष सेंटा रोजा प्लम का उत्पादन पिछले साल के बजाय अधिक है। इस संबंध में कुल्लू और स्नोअर वैली आढ़ती एसोसिएशन के अध्यक्ष खुशाल ठाकुर ने कहा कि प्लम सीजन के पहले ही दिन बागवानों को अच्छे दाम मिले हैं। बागवानों को बुधवार को बढ़िया प्लम के 70 रुपये प्रति किलो दाम मिले हैं।