बाढ़ और भूस्खलन के कारण तीन दिन से बंद चल रहा है मनाली-लेह हाईवे
सेना के चॉपर से चार लोगों को कुल्लू किया एयरलिफ्ट
तीन दिन बाद केलांग में बिजली आपूर्ति भी हुई बहाल
संवाद न्यूज एजेंसी
केलांग (लाहौल-स्पीति)। तीन दिनों से बाढ़ और भूस्खलन से ठप पड़े मनाली-लेह हाईवे ने लाहौल को बाहरी दुनिया से काट दिया था। हालात की गंभीरता को समझते हुए सेना और प्रशासन ने मिलकर जिंदगी की डोर थाम ली।
एक नौ साल का बच्चा, एक गर्भवती महिला, एक गंभीर मरीज और एक सड़क हादसे में घायल व्यक्ति सहित चार जरूरतमंदों को सेना के चॉपर से कुल्लू एयरलिफ्ट किया गया। इसी बीच, केलांग में तीन दिन बाद बिजली की आंशिक बहाली ने लोगों को थोड़ी राहत दी है।
गंभीर स्थिति को देखते हुए विधायक अनुराधा राणा और उपायुक्त किरण भड़ाना के अथक प्रयासों से सरकार ने सेना के दो चॉपर की मदद से चार लोगों को वीरवार को कुल्लू पहुंचाया।
खराब मौसम और सड़क मार्ग ठप होने के बावजूद जिला प्रशासन और सेना के संयुक्त प्रयास से यह राहत कार्य सफल रहा।
केलांग में तीन दिनों से ठप बिजली वीरवार को आपूर्ति भी बहाल कर दी गई है। विधायक अनुराधा ने बताया कि बाढ़ के कारण थिरोट पावर हाउस के जल भंडारण टैंक में भारी सिल्ट भरने से बिजली उत्पादन बंद चल रहा था। विधायक और उपायुक्त के प्रयासों से विभाग की टीम ने कठिन परिस्थितियों में कार्य करते हुए विद्युत आपूर्ति को आंशिक रूप से बहाल कर दिया है। उन्होंने बताया कि लाहौल के कुछ इलाकों में बिजली की आपूर्ति शुरू कर दी गई है। शेष क्षेत्रों में जल्द लाइनें दुरुस्त कर बिजली पहुंचाई जाएगी। बिजली बोर्ड को रोटेशन के आधार पर सभी स्थानों पर बिजली देने के निर्देश दिए हैं। विधायक अनुराधा ने कहा कि सरकार और प्रशासन हर स्तर पर प्रयासरत हैं। उधर, मरीजों के परिजनों ने प्राथमिकता के आधार चॉपर की सेवा उपलब्ध करवाने के लिए सीएम सुखविंद्र सिंह सुक्खू, भारतीय सेना, विधायक अनुराधा राणा और उपायुक्त किरण भड़ाना का आभार जताया है।