सैंज घाटी के रैला में मनाया मूल उत्सव, उमड़ा आस्था का सैलाब
पुजारियों ने किया देव परंपरा का निर्वहन, श्रद्धालुओं ने भरी हाजिरी
संवाद न्यूज एजेंसी
सैंज (कुल्लू)। घाटी के रैला में इष्ट देवता लक्ष्मी नारायण के जन्मदिवस के रूप में मूल उत्सव मनाया गया। इस उत्सव में आस्था का सैलाब उमड़ा। घाटी के हजारों श्रद्धालुओं ने उत्सव में भाग लिया। ढोल-नगाड़ों के साथ देवता लक्ष्मी नारायण की भव्य शोभा यात्रा निकाली गई। श्रद्धालुओं ने व्रत रखकर देवता के समक्ष अपना शीश नवाया। चैत्र मास के मूल नक्षत्र को देवता लक्ष्मी नारायण के जन्मदिवस पर मूल उत्सव मनाया जाता है।
इसमें सर्वप्रथम देवता के मधेउल सर्चणिग्रा से बागी तक देवधुनों के साथ भव्य शोभायात्रा निकाली गई। पुजारियों ने देव गीतों से परंपरा का निर्वहन किया। देवता के दर्शन करने के लिए श्रद्धालुओं ने दूर-दूर से आकर हाजिरी भरी।
देवता लक्ष्मी नारायण के पालसरा यान सिंह, गूर तमेश्वर शर्मा, धामी जुगत राम, गंगा राम नेगी, किशन सिंह, पुजारी लीलाधर शर्मा और बाजा प्रमुख शिव राम ने बताया है कि इस दिन सभी कारकून व्रत रखकर देव के पास आते हैं और सुख समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।
देवता लक्ष्मी नारायण के कारदार जगरनाथ ने बताया कि मूल उत्सव में सोमवार को हजारों श्रद्धालुओं ने दर्शन किए। श्रद्धालुओं में भारी उत्साह देखने को मिला। मूल उत्सव धूमधाम से मनाया जाता है। संवाद