खुली जगह होगी कवर, इस बार बनाई जा रही योजना
अंतरराष्ट्रीय स्तर के कलाकार कलाकेंद्र में देते हैं प्रस्तुतियां
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। अंतरराष्ट्रीय दशहरा उत्सव के दौरान ऐतिहासिक लालचंद प्रार्थी कलाकेंद्र में होने वाले कार्यक्रमों में बारिश से खलल नहीं पड़ेगा। बारिश के बीच भी यहां पर चलने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों का लोग आनंद उठा सकेंगे। इस बार कलाकेंद्र की खुली जगह को कवर करने की योजना बनाई जा रही है। अस्थायी रूप से कलाकेंद्र की खुली जगह को किस तरह से कवर किया जाएगा, इसका जिम्मा लोक निर्माण विभाग को सौंपा गया है। लोक निर्माण विभाग की ओर से इसका पूरा प्लान तैयार कर इस पर काम किया जाएगा।
करीब 5000 लोगों की क्षमता वाले कलाकेंद्र में बारिश के दौरान कार्यक्रम बंद नहीं होंगे। कलाकेंद्र के ओपन स्पेस को कवर किया जाएगा। पहली बार प्रशासन की ओर से इस तरह का प्रयास किया जा रहा है। लालचंद प्रार्थी कलाकेंद ऐतिहासिक मंच है। यहां कई नामी कलाकार अपनी प्रस्तुतियां दे चुके हैं। दिन के समय जहां कलाकेंद्र में दशहरा के दौरान लोकनृत्य प्रतियोगिताएं करवाई जाती हैं, वहीं शाम छह बजे के बाद सांस्कृतिक संध्या का आगाज होता है। गत बुधवार को देवसदन में अंतरराष्ट्रीय दशहरा उत्सव की तैयारियों को लेकर हुई बैठक में इस मामले पर चर्चा की गई। भगवान रघुनाथ के मुख्य छड़ीबरदार महेश्वर सिंह का कहना है कि इसमें एक बात का ध्यान रखा जाना चाहिए कि कलाकेंद्र को कवर इस तरह से किया जाए कि पीछे बैठने वाले लोग भी आसानी से कार्यक्रम देख सकें।
कुल्लू दशहरे में इस बार अंतरराष्ट्रीय स्तर के सांस्कृतिक उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। इसमें विभिन्न देशों के सांस्कृतिक दलों को आमंत्रित किया गया है। भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद (आईसीसीआर), एनजेडसीसी, सभी राज्यों सहित हिमाचल के बारह जिलों के सांस्कृतिक दलों को आमंत्रित किया गया है। कलाकेंद्र में होने वाले कार्यक्रम में बारिश के चलते बाधा न आए, इसके लिए इसे कवर किया जा रहा है। -सुंदर सिंह ठाकुर, मुख्य संसदीय सचिव