अधिष्ठात्री माता जगन्नाथी भुवनेश्वरी के सम्मान में मनाया गया चार दिवसीय मेला
हल्की बारिश के बीच मेहमानों ने उठाया नाटी का लुत्फ
संवाद न्यूज एजेंसी
खराहल (कुल्लू)। अधिष्ठात्री माता जगन्नाथी भुवनेश्वरी के सम्मान में मनाए जा रहे चार दिवसीय पूईद मेले का शुक्रवार को समापन हुआ। मेले के अंतिम दिन माता की सौह में देवलुओं के साथ लोगों ने कुल्लवी नाटी डाली। यह सिलसिला करीब तीन घंटों तक चलता रहा। नाटी का नजारा देखने के लिए काफी संख्या में लोग उमड़े।
हल्की बारिश के बीच मेले में आए मेहमानों ने नाटी का लुत्फ उठाया। मेले को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखा गया। खराहल घाटी के लंबरदार अशोक ठाकुर, चमन ठाकुर, पूर्व प्रधान उत्तम शर्मा, चने राम और वेद ठाकुर आदि ने कहा कि मेले के अंतिम दिन माता के मंदिर में श्रद्धालुओं ने शीश नवाकर आशीर्वाद लिया। कहा कि मेले के अंतिम दिन कुल्लवी नाटी डाली गई, जो मुख्य आकर्षण रही।
माता जगन्नाथी भुवनेश्वरी के कारदार चमन ठाकुर ने कहा कि 16 और 18 अप्रैल के दिन माता जगन्नाथी ने देव परंपरा निभाई। इसके साथ ही श्रद्धालुओं और हारियानों ने माता के दरबार में चाकरी दी। शुक्रवार को देवलुओं के साथ घाटी के लोगों ने नाटी डाली। संध्याकाल में नाटी संपन्न होने के साथ ही मेले का भी समापन हो गया। संवाद