देहुरीधार पंचायत के लोगों के लिए खड्ड के तेज बहाव में उतरना बना मजबूरी
19 महीने बाद भी नहीं बन पाया बाढ़ की चपेट में आया पुल, लोग हो रहे परेशान
झूला पुल खस्ताहाल, ढीली पड़ी रस्सी, बुजुर्ग और बच्चों को ज्यादा हो रही दिक्कत
संवाद न्यूज एजेंसी
न्यूली/सैंज (कुल्लू)। जिला मुख्यालय की देहुरीधार पंचायत के ग्रामीणों को जान जोखिम में डालकर न्यूली खड्ड को पार करना पड़ रहा है। खड्ड का जलस्तर बारिश के कारण बढ़ गया है।
ग्रामीणों को खड्ड के तेज बहाव में उतरकर इसे पार करना पड़ रहा है। ग्रामीण खड्ड में पत्थर डालकर जगह बनाकर इसे जोखिम के साथ पार कर रहे हैं। खड्ड पर पैदल पुल लगाने में न प्रशासन और न लोक निर्माण विभाग दिलचस्पी दिखा रहा है। इसका खामियाजा ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है।
गौर रहे कि जुलाई 2023 में आई प्राकृतिक आपदा में न्यूली नामक स्थान पर बना पैदल पुल बाढ़ की चपेट में आ गया था। इसकी जगह प्रशासन और लोक निर्माण विभाग 19 माह बाद भी पुल नहीं बनवा पाए हैं। ग्रामीणों को जान हथेली पर रख खड्ड के तेज बहाव में उतरकर इससे आर-पार होना पड़ रहा है। न्यूली खड्ड पर लगाया झूला भी खस्ताहाल है। इसकी रस्सी ढीली पड़ गई है। इससे पंचायत के पांच वार्डों की हजारों की आबादी को परेशानी उठानी पड़ रही है। खड्ड को पार करने में विद्यार्थियों, मरीजों और बुजुर्गों को अधिक दिक्कतें आ रही हैं। ग्रामीण आकाश, आलम चंद, निमत राम, रोहित, अमन, अंशुल ने कहा कि करीब डेढ़ साल का समय बीत गया है, लेकिन न विभाग और न ही प्रशासन ने समस्या हल की है। उधर, लोक निर्माण विभाग के कनिष्ठ अभियंता मेघ सिंह ने कहा कि पुल की फाइल उच्चाधिकारियों को भेजी है। कहा कि फाइल को स्वीकृति मिलने के बाद ग्रामीणों की सुविधा को ध्यान में रखकर कार्य किया जाएगा।