सैंज घाटी की ग्राम पंचायत देहुरीधार में नालीदला नामक जगह ब्लास्टिंग से खेतों को हुए नुकसान का मुआवजा अभी तक नहीं मिला है। प्रभावित आज भी मुआवजे को लेकर राह ताक रहे हैं।
करीब चार साल पहले नालीदला में एचपीपीसीएल की ओर से हेवी ब्लास्टिंग से 60 बीघा जमीन भूस्खलन से नष्ट हो गई थी। इसमें किसानों के सेब, नाशपाती, पंचायत का रास्तों सहित अन्य पौधे भी नष्ट हो गए थे। इसके बाद जिला प्रशासन की ओर से घटनास्थल का मुआयना किया गया था। एसडीएम बंजार की अध्यक्षता में हुए संयुक्त निरीक्षण के बाद प्रभावितों को मुआवजा मिलने की आस थी, लेकिन अब प्रशासन इस मसले पर खामोश बैठा है।
प्रभावित ठाकुर दत्त, सोहन लाल, निमत राम, छप्पे राम, दुर्गादत्त, मदन राम और प्रेम सिंह ने कहा कि नालीदला में हेवी ब्लास्टिंग से उनकी 60 बीघा जमीन स्लाइड हो गई थी। इसके बाद यहां पर क्रेट वायर लगाए जाने थे तथा प्रभावितों को मुआवजा मिलना था, लेकिन यह मुआवजा प्रभावितों को आज तक नहीं मिल पाया है। उन्होंने कहा कि इस मसले को लेकर प्रभावित पहले भी दो बार उपायुक्त से मिल चुके हैं लेकिन अभी तक प्रभावितों को मुआवजा नहीं दिया गया है। उन्होंने कहा कि एक बार फिर प्रभावित मुआवजे को लेकर डीसी से गुहार लगाएंगे। अगर प्रशासन जल्द इस समस्या पर कोई गौर नहीं करता है तो प्रभावितों को मजबूर आंदोलन का रास्ता अपनाने पर मजबूर होना पड़ेगा।