कुल्लू-मनाली हाइवे की बहाली में एनएचएआई ने झोंकी ताकत
कुल्लू से पतलीकुहल तक जल्द बहाल हो सकता है नेशनल हाइवे
खराब मौसम के कारण नहीं उड़ पाया सेना की चिनूक हेलिकाप्टर
संवाद न्यूज एजेंसी
मनाली। बाढ़ से क्षतिग्रस्त नेशनल हाईवे तीन की बहाली के लिए एनएचएआई ने पूरी ताकत झोंक दी है। कुल्लू से मनाली तक जगह-जगह क्षतिग्रस्त हुए नेशनल हाइवे को खोलने के लिए 31 पोकलेन और एलएंडटी लगाई गई हैं।
कुल्लू से पतलीकूहल तक जल्द नेशनल हाइवे खुलने की उम्मीद जताई जा रही है।
रायसन में एनएचएआई ने सड़क के दोनों छोर मिला दिए हैं। डोभी के पास भी सड़क आरपार हो गई है। हालांकि दोनों जगह फिलहाल सिंगललेन सड़क ही बनाई गई है। दोनों सड़कों के बनने के बाद छोटे वाहन पतलीकूहल तक आ सकेंगे। 14 मील में भी सड़क को वनवे खोलने का कार्य युद्ध स्तर पर किया जा रहा है। एनएचएआई के रेजिडेंट इंजीनियर अशोक चौहान ने बताया कि मनाली से रायसन तक 31 बडी पोकलेन और एलएनटी मशीनें लगाई गई हैं। रविवार शाम तक पतलीकूहल तक सड़क बनकर तैयार होने की उम्मीद है। 14 मील में भी कार्य हुआ तो मशीनें 17 मील तक पहुंच जाएंगी। उन्होंने बताया कि वह बीस दिनों के भीतर मनाली तक वाहनों को पहुंचाने के लिए कृतसंकल्प हैं। सड़क एवं परिवहन मंत्रालय ने मशीनों को लेकर किसी भी तरह की कमी नहीं रखी है। मौसम युद्ध स्तर पर चल रहे कार्य में खलल न डाले।
उधर, शनिवार को सेना के हेलिकाप्टर चिनूक से भुंतर से 14 पोकलेन, एलएनटी और जेसीबी को उतारा जाना था मगर दिनभर मौसम खराब रहने से चिनूक उड़ान नहीं भर पाया। अब मौसम खुलने का इंतजार किया जा रहा है।