ग्रामीणों ने डीसी कुल्लू से की मुलाकात, मांग- जल्द बहाल करवाएं सड़क
लोग बोले- सड़क बंद होने से चार गांवों के लोगों को झेलनी पड़ रही दिक्कत
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। मैडम... भारी बारिश से टूट गई गड़सा-शियाह-रामनगर सड़क ने जिंदगी की रफ्तार रोक दी है। पांच किलोमीटर तक राशन और जरूरी सामान पीठ पर ढो रहे हैं।
अस्पताल तक पहुंचने के लिए भी मीलों दूर तक संघर्ष करना पड़ रहा है। लोक निर्माण विभाग की अधूरी कोशिशें और कुछ असहयोगी तत्वों की बाधाएं इस संकट को और गहरा रही हैं। सोमवार को चार गांवों के निवासियों ने उपायुक्त से मुलाकात कर इस जद्दोजहद की गूंज प्रशासन तक पहुंचाई।
गड़सा-शियाह-रामनगर सड़क बरसात के कारण कई जगह से क्षतिग्रस्त हो गई है। लोक निर्माण विभाग ने गड़सा से बनाला तक सड़क छोटी गाड़ियों के लिए खोल दी है। बनाला के पास भारी मलबा आने से सड़क बंद है। इससे शियाह, लोअर हवाई, रामनगर, आशनी और पूईण की जनता को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बनाला से पूईण लगभग 5 किलोमीटर दूर है। ग्रामीणों के लिए बीमार और गर्भवती महिलाओं को अस्पताल तक लाना मुश्किल हो गया है। ग्रामीण स्वर्ण सिंह, शेर सिंह, मेहर चंद, ध्यान सिंह, ओम प्रकाश, कमल चंद, तुले राम, नरेश कुमार, देशराज, बलवीर सिंह, महिंद्र सिंह ने कहा कि लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों का कहना है कि कुछ लोग विभाग को काम शुरू नहीं करने दे रहे हैं। जिस जगह सड़क टूटी है, वर्ष 1994 से सड़क यहां से है। बावजूद इसके विभाग सड़क खोलने के लिए कोई गंभीर प्रयास नहीं कर रहा है। उन्होंने मांग की है कि लोक निर्माण विभाग को जल्द सड़क को खोलने के आदेश दिए जाएं। अगर कोई व्यक्ति काम में बाधा डालता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाए।
उपायुक्त से मिले चार गांवों के लोग
समस्या को लेकर सोमवार को चार गांवों के लोग उपायुक्त तोरुल एस रवीश से मिले। ग्रामीणों ने अपनी समस्या उपायुक्त को बताई। उपायुक्त ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया है कि जल्द सड़क को बहाल किया जाएगा।