21 नवंबर तक बिलिंग सामुदायिक भवन में होगा धार्मिक कार्यक्रम
संवाद न्यूज एजेंसी
सिस्सू (लाहौल-स्पीति)। 9वें अवतारी गुरु क्याब्जे कुंगा रिंपोछे धार्मिक कार्यक्रम न्यूनगने (साधना) के लिए लाहौल के बिलिंग पहुंचे। देर शाम को बिलिंग पहुंचने पर सैकड़ों बौद्ध अनुयायियों सहित वाईडीए गरशा, सिला गोंपा के भिक्षुणियों ने पारंपरिक कलछोर और पवित्र खतक के साथ उनका स्वागत किया।
21 नवंबर तक सामुदायिक केंद्र बिलिंग में उनके परम करुणामय गुरु क्यब्जे कुंगा रिंपोचे के नेतृत्व में दो दिवसीय न्यूगने रिट्रीट का आयोजन किया जा रहा है। बौद्ध अनुयायियों के अनुसार न्यूगने साधना तिब्बती बौद्ध धर्म की दो दिवसीय उपवास आधारित प्रथा है जो करुणा के चरनजिग (बुद्ध अवलोकितेश्वर) की साधना पर केंद्रित होती है। यह नकारात्मक कर्मों को शुद्ध करने और सभी प्राणियों के प्रति बोधिचित्त (प्रेम और करुणा) विकसित करने के लिए अत्यंत शक्तिशाली साधना मानी जाती है।
इस साधना में महायान व्रतों को धारण करना, साष्टांग दंडवत करना, मंत्रों का जाप और ध्यान केंद्रित करना शामिल है। वाईडीए गरशा के प्रेस सचिव कुंगा बौद्ध ने बताया कि अंतिम दिन रिंपोछे श्रद्धालुओं को आशीर्वाद देंगे।