टीम ने किया इनर अखाड़ा बाजार का प्राथमिक सर्वे कर जाना भूस्खलन का कारण
प्रदेश आपदा प्रबंधन को रिपोर्ट सौंपेगी टीम, कुल्लू के 20 किमी दायरे में होगा सर्वे
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। इनर अखाड़ा बाजार में मठ क्षेत्र से दरक रहे क्षेत्र के भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (जीएसआई) के लिए एक टीम वीरवार को इनर अखाड़ा बाजार पहुंची। टीम ने इलाके में प्रारंभिक आपदा-पश्चात आकलन शुरू किया।
यहां दो जगह भूस्खलन में नौ लोगों की मौत हो गई थी। इसमें तीन लोग घायल हो गए थे। इनमें एक की हालत गंभीर बनी हुई है। यह त्रासदी 2 सितंबर की रात और 4 सितंबर को सुबह के समय हुई। इससे भारी नुकसान और मकानों को क्षति पहुंची। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन से क्षेत्र का वैज्ञानिक सर्वे करवाने की सिफारिश की थी। लिहाजा वीरवार को वैज्ञानिकों की टीम ने इसका आकलन किया।
जीएसआई वैज्ञानिकों ने स्पष्ट किया कि उनका वर्तमान दौरा तत्काल सुधार उपायों की सिफारिश करने के संदर्भ में हुआ है। वे कुल्लू शहर के 20 किलोमीटर के दायरे में भूस्खलन संभावित क्षेत्रों का भी अध्ययन करेंगे। उन्होंने कहा कि एक व्यापक अध्ययन तभी किया जाएगा, जब हिमाचल सरकार पूरे राज्य में भूस्खलन प्रभावित और संभावित स्थलों की एक सूची उपलब्ध कराएगी। इसके आधार पर विशेषज्ञ टीमें बनाई जाएंगी।
गौरतलब है कि स्थानीय लोगों का प्रतिनिधिमंडल इससे पहले उपायुक्त से मिल चुका है। इसमें उन्होंने वैज्ञानिक सर्वे करवाने की मांग की थी। लिहाजा, अब वैज्ञानिकों के प्रारंभिक सर्वे होने पर स्थानीय लोगों ने यह भी मांग की है कि प्रदेश सरकार इस स्थान का मुख्य सर्वे जल्द करवाए ताकि भूस्खलन को रोकने के उपाय समय रहते हो सके।