भुंतर, शुरढ़, परगाणू और शाढ़ाबाई में भरे थे 10 सैंपल
डेढ़ सप्ताह पहले उल्टी दस्त के मरीज आए थे सामने, करवाई गई पानी की जांच
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। जिले के प्रवेशद्वार भुंतर और साथ लगती ग्राम पंचायतों में डायरिया और जल जनित रोगों का खतरा नहीं है। भुंतर शहर समेत आसपास की ग्राम पंचायतों में स्वच्छ पेयजल मुहैया करवाया जा रहा है। विभाग ने पेयजल जांच की जिसमें पानी साफ पाया गया है। जल शक्ति विभाग ने भुंतर, शुरढ़, परगाणू और शाढ़ाबाई में उठाऊ पेयजल योजना के अलावा बोर वेल और हैंडपंपों के पानी के करीब दस सैंपल लिए थे। शहर और पंचायतों की विभिन्न जगहों से लिए गए इन सभी सैंपल की रिपोर्ट सही आई है। पेयजल सैंपल सभी मानकों पर स्वच्छ पाए गए हैं।
करीब डेढ़ सप्ताह पहले भुंतर के साथ लगते तीन गांवों में लोग उल्टी-दस्त की चपेट में आए थे। इसके बाद जल शक्ति विभाग ने जल जनित रोगों और डायरिया की जांच के लिए भुंतर, शुरढ़, परगाणू और शाढ़ाबाई में पेयजल उपलब्ध करवाने वाली मुख्य योजना के अलावा हैंडपंपों और बोर वेल से भी पानी के सैंपल लिए थे। सैंपलों की जांच शमशी स्थित प्रयोगशाला में की गई। इन सभी सैंपल की रिपोर्ट सही है। इस संबंध में जल शक्ति विभाग के सहायक अभियंता इंद्र ठाकुर ने कहा कि विभाग ने उल्टी-दस्त के मामले सामने आने के बाद विभिन्न क्षेत्रों से करीब दस सैंपल पेयजल के भरे थे। इन सभी की रिपोर्ट स्वच्छता और स्वास्थ्य मानकों पर खरी पाई गई है। संवाद