सैंज घाटी का आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र शैंशर छह वर्षों से चौकीदार के सहारे चल रहा है। विभाग आयुर्वेदिक केंद्र में सालों से डॉक्टर उपलब्ध नहीं करवा पाया है। आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र शैंशर में स्वास्थ्य सुविधाएं नहीं मिलने के कारण तीन पंचायतों की करीब पांच हजार की आबादी को इलाज के लिए कुल्लू या बंजार जाना पड़ रहा है। इसके कारण समय के साथ-साथ उनका काफी खर्चा भी हो जाता है।
आयुर्वेद मंत्री कर्ण सिंह के विधानसभा क्षेत्र में ही स्वास्थ्य सुविधाएं चरमरा गई हैं। जिसको लेकर स्थानीय जनता में भारी रोष है। स्थानीय निवासी प्रेम सिंह, दीपन कुमार, पवन शर्मा, राहुल ठाकुर, मोती राम, मीरा देवी, राजकुमार, हीरा लाल, सोहन सिंह ने कहा कि शैंशर, देहुरीधार और गाड़ापारली पंचायत के दो दर्जन गांवों के लोगों को आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र में सुविधाएं नहीं मिल रही हैं।
स्वास्थ्य केंद्र पिछले छह वर्षों से चौकीदार के सहारे है। बंजार के विधायक कर्ण सिंह के आयुर्वेद मंत्री बनने के बाद उन्हें उम्मीद जगी थी कि इस केंद्र में जल्द डॉक्टर की तैनाती होगी, लेकिन मंत्री बनने के एक साल बाद भी कर्ण सिंह कुछ नहीं कर पाए हैं। लोगों ने मांग की है कि आयुर्वेदिक स्वास्थ्य केंद्र में जल्द डॉक्टर की नियुक्ति की जाए जिससे लोगों को इलाज के लिए इधर-उधर न भटकना पड़े।
उधर, इस संबंध में जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. बसंत ने कहा कि मामला ध्यान में है। मामले को लेकर उच्च अधिकारियों को अवगत करवा दिया गया है। आदेश मिलते ही यहां पर डॉक्टर की तैनाती की जाएगी।