दशहरा में सजी अस्थायी मार्केट में सुबह से लेकर शाम तक रही लोगों की चहल-पहल
लोग बोले- आधे दाम पर मिल रहा है सूई से लेकर बर्तन और अन्य सामान
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। ढालपुर का अस्थायी बाजार इन दिनों महज एक मार्केट नहीं, बल्कि त्योहार से पहले की खरीदारी का मेला बन चुका है। आधे दाम में सामान और हजारों की भीड़ ने इसे कुल्लू की शॉपिंग कैपिटल में बदल दिया है।
अस्थायी मार्केट में वीरवार को खरीदारों की भीड़ उमड़ी। सुबह से शाम तक लोगों का जमावड़ा लगा रहा। लोगों ने सूई से लेकर रसोई के बर्तन और गर्म वस्त्रों की जमकर खरीदारी की। दिवाली नजदीक आते ही और आपदा में बंद हुईं सड़कों के खुलने लोग अस्थायी खरीदारी करने के लिए पहुंच रहे हैं। खास बात यह है कि बाजार से आधी कीमत पर सामान उपलब्ध हो रहा है।
सुबह 9:00 बजे अस्थायी बाजार में सजी करीब 2000 दुकानों के दुकानदारों ने दुकानें खोलना शुरू किया। मीना मार्केट की तरफ सुबह 10:00 बजे तक दुकानें खुलती रहीं। डोम में सजीं दुकानें सुबह 10:00 बजे से पहले ही खुल गई थीं। सुबह 11:00 बजे मेला मैदान, खेल मैदान में सजी अस्थायी मार्केट में लोगों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई। दोपहर 12:00 बजे तक काफी भीड़ लगी रही। दोपहर 2:00 बजे तक अस्थायी मार्केट में तिल धरने की जगह नहीं बची थी। शाम तक यह सिलसिला जारी रहा। खरीदारी करने आए अभिषेक और नवीन ने कहा कि अस्थायी मार्केट में हर प्रकार का सामान उपलब्ध है। सूई से लेकर घर में इस्तेमाल होने वाले बर्तन और अन्य सामान मिल रहा है। गर्म वस्त्रों के लिए दशहरा मशहूर है। कुल्लू, लाहौल-स्पीति, चंबा के पांगी, मंडी के सीमांत क्षेत्रों के लोग सर्दियों के लिए गर्म वस्त्र यहीं से खरीदते हैं। बाजार में जो जैकेट 800 से 1000 रुपये के बीच मिलती है, वही जैकेट यहां 500 रुपये में मिल रही है। दिल्ली से आए कपड़ों के व्यापारी रवि प्रकाश ने कहा कि दशहरा में बारिश ने कारोबार प्रभावित किया। अब दिवाली पर बेहतर कारोबार होने की उम्मीद है।
बाजार के दुकानदारों को नहीं मिल रहे खरीदार
लोअर ढालपुर, अखाड़ा बाजार, सरवरी आदि लोकल मार्केट पर ढालपुर में सजे अस्थायी बाजार के चलते असर पड़ रहा है। बाजार में सामान खरीदने की बजाय ग्राहक ढालपुर में आकर सामान ले रहा है। ऐसे में स्थानीय कारोबारियों को निराशा हाथ लग रही है।