देवता तराली नाग में शुरू हुआ हवन पाठ। स्त्रोत देवलू।
चार से आठ दिसंबर तक होगा देवता का धार्मिक कार्यक्रम
संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। अधिष्ठाता देव तराली नाग के नवनिर्मित मंदिर की प्रतिष्ठा शुरू हो गई है। पांच से सात दिसंबर तक मंदिर में हवन-पाठ और जागरण होगा। देवता टकरासी नाग चार दिसंबर को ही देवता के आदेश पर नए मंदिर में विराजमान हो गए है।
अब यहां देवता के देवलुओं, कारकूनों और हारियानों का तांता लगना शुरू हो गया है। पांच दिवसीय धार्मिक कारज के सफल आयोजन के लिए तराला गांव के लोगों ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ हवन-पाठ किया जा रहा है। सुबह 10:00 बजे से हवन की प्रक्रिया को शुरू हो रही है। मंदिर कमेटी के अध्यक्ष महेंद्र कायथ, कारदार दौलत राम और चुनी लाल ने कहा कि मंदिर कमेटी ने लोगों की मदद से दो साल में चार मंजिल का भव्य काष्ठकुणी शैली का मंदिर बनाया है। अब इसकी प्राण प्रतिष्ठा का काम चल रहा है। आठ दिसंबर को पूर्णाहुति के साथ इसका समापन होगा। उन्होंने कहा कि पांच से सात दिसंबर तक मंदिर में हवन, आरती और रात्रि जागरण होगा। समापन पर देवता की तरफ से श्रद्धालुओं के लिए ब्रह्म भोज का आयोजन रखा गया है।