कुल्लू। चिट्टे की महज दो डोज जिंदगी बरबाद कर सकती है। इसलिए गलती से भी सिंथेटिक ड्रग्स का इस्तेमाल न करें। एक बार ड्रग्स लेने के बाद आपको सिर्फ इसकी ही खुराक चाहिए होती है। नशे की लत को पूरा करने के लिए फिर अनैतिक कार्य करने पड़ते हैं। यह बात वीरवार को एएसपी आशीष शर्मा ने आईटीआई कुल्लू में अमर उजाला फाउंडेशन के पुलिस की पाठशाला कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि कही। इस दौरान आईटीआई के प्रशिक्षु छात्र-छात्राओंं को यातायात नियम और नशे के खिलाफ भी जागरूक किया।एएसपी आशीष शर्मा ने कहा कि दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट जरूर पहनें। दोपहिया वाहन में पीछे बैठने वाले व्यक्ति को भी हेलमेट पहनना जरूरी है। गाड़ी चलाते समय सीट बेल्ट का प्रयोग करें। अधिकतर हादसे शराब पीकर गाड़ी चलाने से होते हैं। इसलिए शराब पीकर गाड़ी न चलाएं। वाहन चलाते समय फोन न सुनें।
अगर आपके आसपास कोई नशा बेच रहा है, तो एक पत्र एसपी कुल्लू को लिखें। ड्रग्स फ्री हिमाचल एप पर इसकी सूचना दी सकती है। आईटीआई कुल्लू के प्रधानाचार्य अभिषेक ठाकुर ने कहा कि अमर उजाला की मुहिम सराहनीय है। इस दौरान आईटीआई प्रशिक्षक मधु शर्मा, डोलमा देवी, रक्षा शर्मा, उर्मिला देवी, रेखा देवी, नीलम देवी, तोयलकांत, प्रोमिला देवी आदि मौजूद रहे।
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ट्रकों के क्यों नहीं होते चालान : पूर्णिमा
आईटीआई की छात्रा पूर्णिमा ने कहा कि पुलिस अक्सर बाइक और कार वालों के चालान करती है। ट्रक वालों के चालान क्यों नहीं होते। एएसपी आशीष शर्मा ने कहा कि छोटी गाड़ियों की संख्या अधिक हैं। इसलिए उनके अधिक चालान नजर आते हैं। ट्रकों के भी चालान होते हैं, नियम सबके लिए बराबर हैं।
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हेलमेट पहनने को करूंगी जागरूक
बिना हेलमेट हादसा न हो, इसलिए अपने भाई, पिता और रिश्तेदारों को हेलमेट पहनने के लिए प्रेरित करूंगी। हमें बदलाव की शुरुआत अपने घर से करनी चाहिए। पुलिस और लोगों की सहभागिता से सड़क हादसों में कमी आएगी।
-अर्चना, छात्रा
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घायलों की करूंगा सहायता : संदीप
सड़क हादसे में कोई घायल हो जाता है तो उसकी सहायता की जाएगी। ऐसे लोगों को गुड स्मार्टियन कहा जाता है। ऐसे मामले में पुलिस गवाही के लिए बाध्य नहीं करेगी। कार्यक्रम के माध्यम से महत्वपूर्ण जानकारी हासिल हुई है।
-संदीप कुमार, छात्र
कागज पूरे नहीं तो क्या होती है कार्रवाई : शर्मा
चंबा जिला के संदीप शर्मा ने कहा कि वाहन चालक जिनके कागज पूरे नहीं होते हैं, उन पर क्या कार्रवाई होती है। एएसपी आशीष शर्मा ने कहा कि अगर आपके पास गाड़ी है तो इसके कागज पूरे रखें। अगर इस बीच हादसा हो जाता है तो किसी की जान चली जाती हैं तो संबंधित इंश्योरेंस कंपनी क्लेम देती है अन्यथा न्यायालय क्लेम हादसा करने वाले से वसूल करता है।