अमर उजाला ब्यूरो
कुल्लू/मनाली/कोकसर। फरवरी के पूरे माह में पहाड़ों में बर्फबारी और निचले इलाकों में लगातार मूसलाधार बारिश का दौर जारी है। बीती रात को मनाली, रोहतांग, जलोड़ी ओर केलांग में ताजा बर्फबारी हुई। भूस्खलन के कारण करीब 50 से ज्यादा सड़कें और कई बिजली के ट्रांसफार्मर बंद हो गए हैं।
पर्यटकों और आम लोगों की सुरक्षा को देखते हुए कुल्लू-मनाली एनएच-21 के बीच हो रहे भारी भूस्खलन के कारण मनाली से रात के समय चलने वाली लंबे रूटों की बसें अब कुल्लू से चलेंगी। यह करीब आधा दर्जन से अधिक रूट हैं, जिन पर एक सप्ताह तक कुल्लू बस अड्डे से ही बसें दौड़ेंगी। जिला प्रशासन ने सुरक्षा को देखते हुए यह निर्णय लिया है। रोहतांग दर्रा पर पांच दिनों से लगातार रुक-रुक कर बर्फ बारी हो रही है। फरवरी माह के भीतर ही रोहतांग में बर्फ की करीब 20 फीट ऊंची दीवार खड़ी हो गई है। पर्यटन नगरी मनाली में भी मंगलवार रात से लेकर बुधवार तक करीब पांच सेंटीमीटर बर्फ गिरी। साथ ही जिला के निचले इलाकों में रुक-रुककर बारिश होती रही। बारिश से भूस्खलन होने से कई जगह दलदल बन गए और वाहन बीच में फंस रहे हैं। कई स्थानों पर पेड़ और पत्थर गिरने का डर भी लोगों को सताने लगा है। वाहन चालक राजू, शेर सिंह, दावा, रॉकी, छेरिंग ने कहा कि बारिश और बर्फबारी से सड़क की खस्ता हाल कुल्लू-मनाली रोड में रोजाना घंटों जाम से दो चार होना पड़ रहा है। केलांग में मंगलवार रात से बुधवार तक करीब 12 सेंटीमीटर ताजा हिमपात दर्ज किया है। तापमान में आई गिरावट से जिला में कड़ाके की ठंड का दौर जारी है। उधर, उपायुक्त यूनुस ने कहा कि कुल्लू-मनाली के बीच हो रहे भारी भूस्खलन के चलते पर्यटकों और आम सवारियों की सुरक्षा को देखते हुए लंबे रूट की बसें रात को मनाली की बजाय कुल्लू से ही चलेंगे। एक सप्ताह तक यह शेड्यूल रहेगा।