कुल्लू। जिला कुल्लू में बरसात के मौसम से सड़कों की हालत काफी दयनीय बनी है।
सेब सीजन के ऐन मौके पर लोनिवि कुल्लू की लेबर सड़कों को दुरुस्त करने के बजाए भांग उखाड़ने में लगाई गई है। बरसात के मौसम में जिला की सड़कों की हालत खस्ता हो गई है। सड़कों पर पड़े गड्ढों के अलावा भूस्खलन का मलबा आने तथा डंगा ढहने का कार्य लटका पड़ा है। इसके अलावा घाटी की 70 फीसदी सड़कों की टारिंग व सोलिंग का कार्य भी अधर में पड़ा है। सड़कों की खस्ता हालत से घाटी के किसान-बागवान भी परेशान हैं और उन्हें अपने उत्पाद को मंडियों तक पहुंचाना मुश्किल हो गया है। सेब सीजन के एन मौके पर लोनिवि के 50 मजदूरों को भांग उखाड़ने के काम पर लगाने से लोगों न प्रशासन व विभाग पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कुल्लू फलोत्पादक मंडल के अध्यक्ष राजगीर महंत ने कहा कि सड़कों की खराब हालत को लेकर उनका एक प्रतिनिधिमंडल उपायुक्त कुल्लू मिला था और सेब सीजन को लेकर सड़कों को हालत सुधारने की मांग की थी। सेब सीजन आधा से अधिक निपट गया है लेकिन सड़कों की दशा जस की तस है। बागवान नील चंद, रमेश चंद, तेज राम, गुलाब सिंह, मोहन ठाकुर, इंद्र सिंह, अमर चंद, दुनी चंद, मेहर सिंह तथा प्रकाश ठाकुर ने कहा कि एक ओर सेब का सीजन चल रहा है तो दूसरी तरफ सड़कें जोखिम भरी बनी है। एडीसी कुल्लू राकेश शर्मा ने कहा कि जिन विभागों को भांग उखाड़ने की जिम्मेदारी दी है, उनके पास लेबर नहीं है। ऐसे में प्रशासन ने लोनिवि, आईपीएच तथा बिजली बोर्ड से लेबर हायर की है।
मलाणा व फोजल घाटी में चल रहा भांग उखाड़ो अभियान
कुल्लू। जिला प्रशासन द्वारा 27 अगस्त से जिला कुल्लू की मलाणा व फोजल घाटी में भांग की खेती को नष्ट करने का अभियान चला रखा है। जिसमें लोनिवि कुल्लू के 50 से अधिक मजदूर भांग उखाड़ो अभियान में लगाए गए हैं। घाटी में 100 से अधिक सड़कों की हालत ऐसी है जो बरसात से खराब हुई है। इन सड़कों की मरम्मत, टारिंग व सोलिंग का काम किया जाना है।