सिंचाई के लिए 3 करोड़ का प्रावधान
शाढ़ाबाई में कृषि विभाग की आयोजित बैठक में बोले मारकंडा
कहा-जैविक खेती को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है प्रदेश सरकार
अमर उजाला ब्यूरो
भुंतर (कुल्लू)। कृषि मंत्री डॉ. रामलाल मारकंडा ने कहा कि कुल्लू जिला में किसानों को बेहतर सिंचाई सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए चालू वित्त वर्ष में विभिन्न सिंचाई योजनाओं पर 3 करोड़ 11 लाख खर्च किए जा रहे हैं। मंत्री ने सोमवार को शाढ़ाबाई में कृषि विभाग के अधिकारियों की बैठक ली।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए डॉ. मारकंडा ने कहा कि सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली के अंतर्गत 43 लाख से अधिक की धनराशि खर्च की जाएगी। इस योजना के तहत किसानों को 80 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है। खेती में आधुनिक उपकरणों के प्रयोग को बढ़ावा दिया जा रहा है तथा कुल्लू जिला में इस वर्ष किसानों को 50 प्रतिशत अनुदान पर 80 पावर वीडर और 2000 सोलर संचालित स्प्रे पंप प्रदान करने का लक्ष्य रखा गया है। जिला में 74,444 किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड देने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिनमें से 61,736 कार्ड दिए जा चुके हैं। डॉ. मारकंडा ने शेष किसानों को भी जल्द मृदा स्वास्थ्य कार्ड जारी करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार जैविक खेती को विशेष रूप से बढ़ावा दे रही है। यह सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। सभी कृषि अधिकारी इस दिशा में तेजी से कार्य करें तथा किसानों को जैविक खेती को अपनाने के लिए प्रेरित करें। अधिकारी फील्ड में जाकर किसानों को जैविक खेती के फायदे बताएं तथा उन्हें जैविक खेती के तरीकों से अवगत करवाएं। डॉ. मारकंडा ने अधिकारियों को किसान निगरानी समितियों का गठन करने के निर्देश भी दिए। बैठक के दौरान कृषि उपनिदेशक आरसी भारद्वाज ने विभाग की विभिन्न योजनाओं और उपलब्धियों का विस्तृत ब्यौरा पेश किया।