कांगड़ा और कुल्लू जिलों में खाद्य प्रसंस्करण उद्योग स्थापित किए जाएंगे। इनके लिए बजट में दस करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। रविवार को मणिकर्ण घाटी के गांव शाट में सब्जी मंडी के निरीक्षण के बाद जनसभा में कृषि और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री डॉ. रामलाल मारकंडा ने यह बात कही। कहा कि किसानों को नुकसान से बचाने और उचित दाम दिलाने के लिए ही यह उद्योग स्थापित किए जाएंगे।
प्रदेश सरकार किसानों को आधुनिक खेती के लिए प्रेरित करने और पॉवर टिल्लर तथा आधुनिक उपकरण प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध करवाएगी। इन उपकरणों पर 25 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि शाट सब्जी मंडी के विस्तार के लिए शीघ्र ही उचित कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने कृषि उपज मंडी समिति के अधिकारियों को इसके लिए अतिरिक्त भूमि की हस्तांतरण प्रक्रिया जल्द शुरू करने के आदेश दिए। कहा कि आढ़तियों को लाइसेंस जारी किए जाएंगे। यहां किसान भवन का निर्माण किया जाएगा। कृषि मंत्री ने पीणीवासियों की सुविधा के लिए पैदल पुल बनाने का आश्वासन दिया। कृषि मंत्री ने भुंतर सब्जी मंडी का भी निरीक्षण किया। सब्जी मंडी की खस्ता हालत का कड़ा संज्ञान लिया। भुंतर सब्जी मंडी में बैंक का काउंटर खोलने तथा एक माह के भीतर मंडी की दशा सुधारने का आश्वासन दिया। लगघाटी के गांव सुम्मा का दौरा करके वहां सब्जी मंडी के लिए चिह्नित स्थान का निरीक्षण किया। इस दौरान पूर्व सांसद महेश्वर सिंह, जिला परिषद सदस्य टेक चंद, इंद्रजीत सिंह, चमन लाल बिष्ट, एचएस नेगी और एपीएमसी के सचिव सुशील गुलेरिया, एपीएमसी के एमडी राजेंद्र वर्मा, कृषि उपनिदेशक रतन चंद भारद्वाज, जिला भाजपा अध्यक्ष भीमसेन शर्मा, मंडल अध्यक्ष विजेंद्र सेन, महामंत्री जगदीश ठाकुर, जोगिंद्र शुक्ला आदि मौजूद रहे।