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Kullu News: बागवानों के लिए राणाबाग में 300 मीटर सड़क बनी आफत

Sat, 23 Aug 2025 06:10 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
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राणाबाग में भूस्खलन से मार्ग बार-बार बंद हो रहा है। जिस वजह से यहां कुल्लू व मंडी के बागवानों क
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कुल्लू। जिले के बागवानों के लिए बरसात सबसे बड़ी चुनौती बन गई है। बारिश से सड़कों की हालत बद से बदतर हो गई है। सड़कों पर पैदल चलना लोगों के लिए कठिन हो गया है। ऐसी हालत शवाड़-राणाबाग मुख्य सड़क की हो गई है। राणाबाग के पास सड़क का करीब 300 मीटर हिस्सा भूस्खलन में बह गया है। यहां पर लोक निर्माण विभाग बार-बार नई सड़क का निर्माण कर रहा है मगर बारिश में भूस्खलन रुक नहीं रहा है। इस वजह से कुल्लू व मंडी के छतरी क्षेत्र के बागवानों की करीब 50,000 सेब की पेटियां फंस गई हैं। जगह-जगह लगी सेब ग्रेडिंग मशीनों पर सेब से भरी पेटियों के ढेर लग गए हैं। वहीं छतरी व रघुपुर घाटी की करीब आठ से दस पंचायतों के बागवान सेब का तुड़ान नहीं कर पा रहे हैं। बालू, लोट, बनाला, फनौटी, जुहड़, कोलथा, रोहाचला, करशालाबाग के साथ बगड़ाथाच, सेरी, बिहनी, थुआ, छतरी, गतू व चपलांदी सहित कई इलाकों में सेब तुड़ान के लिए तैयार है लेकिन इन इलाकों की सड़कों शवाड़-राणाबाग-छतरी, राणाबाग-करशाला, राणाबाग-कांडीबाग-लोट-बलेहड़ पर सेब को मंडियों तक पहुंचना किसी खतरे से खाली नहीं है। बागवान धर्म सिंह, तेज राम, कौंर सिंह, खीम सिंह, टेक सिंह व ढेव राम ने कहा कि क्षेत्र की मुख्य सड़क ने बागवानों को चिंता में डाल दिया है। एक तरफ सेब तैयार है तो दूसरी तरफ बरसात से बंद हुई सड़कें बागवानों के लिए गले की फांस बन गई हैं। भूस्खलन में मलबे के साथ बड़ी-बड़ी चट्टानें सड़क पर आकार गिर रही हैं। सड़क के 300 मीटर दायरे में वाहन चालकों व सेब के लदी गाड़ियों को निकालना भी एक चुनौती है। सब्जी मंडियों को जोड़ने वाला यह मुख्य मार्ग है और इस मार्ग से जिला मंडी व कुल्लू के हजारों बागवान अपने उत्पाद को सब्जी मंडियों में पहुंचाते हैं मगर सड़क के लगातार बंद होने से इलाके का सेब समय पर मंडियों में नहीं पहुंच रहा है।
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सड़क बहाल करने के लिए लोक निर्माण विभाग ने यहां पर मशीनरी तैनात कर रखी है लेकिन बारिश के कारण लगातार भूस्खलन हो रहा है। सड़क का 300 मीटर दायरा भूस्खलन से तहस-नहस हो गया है।
-मनीष कुमार,सहायक अभियंता लोक निर्माण विभाग

बगीचों में सेब तुड़ान के लिए तैयार हो गया है लेकिन सड़कों की हालत बहुत ही दयनीय है। अब राशन भी पीठ पर उठाकर लाना पड़ रहा है। सेब सीजन के लिए बंद सड़कों को जल्द खोलना चाहिए।
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-ढेव राम ठाकुर, बागवान

राणाबाग में हो रहा भूस्खलन बागवानों के लिए सबसे बड़ी परेशानी बन गया है। रघुपुर के साथ मंडी के छतरी इलाके का सेब बागवानों को मंडियों तक पहुंचाना कठिन हो गया है। इसके हजारों बागवान चिंतित हैं। -धर्म सिंह, बागवान
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