अमर उजाला ब्यूरो
केलांग (लाहौल-स्पीति)। उड़ानों के इंतजार में करीब 29 मरीजों की जान आफत में पड़ गई है। लगातार खराब मौसम और वीवीआईपी ड्यूटी के कारण हेलीकॉप्टर जनजातीय इलाकों के लिए नियमित उड़ानें नहीं भर पा रहा। इससे लाहौल घाटी से रेफर मरीजों की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
जिला प्रशासन ने घाटी से रेफर मरीजों की सूची पुलिस रेडियो मैसेज के जरिए जीएडी और जनजातीय विभाग को भेजी है। घाटी में एक भी विशेषज्ञ चिकित्सक तैनात नहीं होने से यहां कार्यरत डॉक्टर मरीजों को रेफर करने को मजबूर हैं। आधिकारिक सूची के मुताबिक इस वक्त उदयपुर में 11, वारिंग में 8, तांदी डाइट में तीन और स्तींगरी में सात रेफर मरीज हेलीकॉप्टर का इंतजार कर रहे हैं। दूरसंचार नेटवर्क ठप होने से अन्य सात हेलीपैडों में फंसे मरीजों की सूची नही मिल पा रही है। हालात ऐसे हैं कि मूलभूत स्वास्थ्य सुविधाओं के अभाव में इनमें से कई मरीजों का उपचार घरों में ही चल रहा है। गनीमत रही कि उदयपुर में दो रोज पहले नवजात को राज्य सरकार ने निजी चौपर के जरिए शनिवार को रेस्क्यू कर कुल्लू पहुंचाया है। नवजात की तबीयत बिगड़ने से यहां तैनात चिकित्सकों ने घाटी से बाहर शिशु रोग विशेषज्ञ चिकित्सक से राय लेकर एक दिन तक नवजात का इलाज किया। लेकिन हालात बेकाबू होते देख अस्पताल प्रशासन ने तत्काल आपातकालीन उड़ान की सिफारिश की। बर्फबारी के बाद हालात ऐसे हैं कि मरीजों को अस्पताल तक पहुंचाना भी मुश्किल हो गया है। जिला के क्षेत्रीय अस्पताल को जाने वाली संपर्क सड़क अभी तक अवरुद्ध है। घर से पीठ पर उठा कर मरीजो को अस्पताल पहुंचाया जा रहा है। एसडीएम सुभाष गौतम ने बताया कि प्रशासन ने घाटी से रेफर मरीजों की सूची पुलिस रेडियो मैसेज के जरिए जीएडी और जनजातीय विभाग को भेजी है। बताया कि रविवार को लाहौल के स्तींगरी और वारिंग हेलीपैडों के लिए उड़ानें प्रस्तावित थी। लेकिन खराब मौसम के कारण हेलीकॉप्टर रोहतांग दर्रा से वापस भुंतर लौट गया।
इन मरीजों को पहुंचना है कुल्लू
ममता मड़ग्रा, सुलक्षणा हिंसा, कृष्णा शकोली, देवंती कुकमसेरी, कमला उदयपुर, आशा मड़ग्रा, प्रेमलाल झोलिंग, शमशेर रातोली, राजीव रातोली, लक्ष्मी मड़ग्रा, देचिन कुकमसेरी, निर्मला मूरिंग, सोनदेई दनदक, प्रवीण सिंदवाड़ी, हिरदासी वारिंग, भीमदेई क्वांग, अजीत जूंडा, प्रेमलाल जूंडा और प्यारे लाल वन कर्मी को उड़ान का इंतजार है। इसके अलावा तांदी डाइट से तीन और स्तींगरी हेलीपैड से सात मरीजों को उपचार के लिए कुल्लू रेफर किया गया है। सिस्सू, चौखंग, जिस्पा, गोंदला, तिंदी और टिंगरेट में दूरसंचार सेवा ठप होने से वहां की जानकारी नहीं मिल पाई है।