रोहतांग दर्रा में हिमपात, आवाजाही पर लगी रोक
हिमपात के कारण निगम की कई बसें फंसी, जनता की बढ़ी मुश्किलें
घाटी में बिजली, यातायात और दूरसंचार सेवा भी प्रभावित
प्रशासन ने हिमखंड गिरने की चेतावनी जारी कर किया आगाह
अमर उजाला ब्यूरो
केलांग/कोकसर/उदयपुर। घाटी में ताजा बर्फबारी ने मनाली-लेह सामरिक मार्ग इसी महीने बहाल करने के लक्ष्य के सामने चुनौती खड़ी कर दी है। संगठन को एक बार फिर रोहतांग बहाली के लिए काफी मशक्कत करनी होगी। 12 अप्रैल को हुई बर्फबारी से रोहतांग दर्रा चार दिनों बाद यातायात के लिए बहाल हुआ था। वहीं वीरवार रात से हिमपात के चलते दूसरी बार रोहतांग दर्रा पर यातायात अवरुद्ध हुआ है।
वीरवार को रात से रोहतांग और आसपास के इलाकों में भारी बर्फबारी हो रही है। बचाव चौकी कोकसर के प्रभारी पवन ठाकुर ने बताया कि रोहतांग पर 60 सेंटीमीटर से अधिक ताजा हिमपात हुआ है। पीर पंजाल की पहाड़ियों, घेपन पीक, शिगरी ग्लेशियर, सीबी रेंज, शिती नाला, एलियास, कुलती नाला समेत कुंजम दर्रा, कुगती जोत और मयाड़ घाटी की चोटियों पर भी 60 से 70 सेंटीमीटर ताजा हिमपात हुआ है। रोहतांग से सटे कोकसर, डिंफुग में 30 सेंटीमीटर, तेलिंग, सिस्सू, शूलिंग, खांगसर, गोंधला, यांगला, गौशाल में 15 सेंटीमीटर तक बर्फबारी हुई है। केलांग में 10 सेंटीमीर और तोद घाटी के जिस्पा, तिनो, दारचा, योचे, छीका, रारिक और रंग्यो-वरयो में 10 से 20 सेंटीमीटर तक ताजा हिमपात हुआ है। मयाड़ घाटी में भी दो दिनों से लगातार बर्फबारी हो रही है। बर्फबारी के कारण घाटी में इंटरनेट सेवा के साथ ही मोबाइल सेवा भी ठप हो गया है। घाटी के कई हिस्सों में बिजली गुल है।
आरएम केलांग मंगल चंद मनेपा ने बताया कि सुबह बसों लोकल रूटों पर भेजा गया लेकिन बर्फबारी के कारण 11 बजे के बाद बसों के संचालन पर रोक लगा दी गई। कोकसर, शुगटो और नेनगहार में निगम की तीन बसें फंस गई हैं। बर्फबारी के कारण चंबा के पांगी किलाड़ में भी बस सेवा को बंद कर दिया गया है। रात्रि सेवा वाले 8 रूटों की बसें भी फंस गई हैं। रोहतांग दर्रा बंद होने के कारण लंबी रूटों की बस सेवा को फिलहाल बंद करना पड़ा है।
उपायुक्त अश्वनी कुमार चौधरी ने बताया कि रोहतांग समेत घाटी के तमाम रिहायशी इलाकों में बर्फबारी हो रही है। जिसे देखते हुए लोगों को हिमखंड गिरने की आशंका वाले इलाकों में नहीं जाने की हिदायत दी गई है।