अमर उजाला बयूरो
मनाली (कुल्लू)। पूर्व कार्यकाल के दौरान हुए लेन-देन को लेकर हिम आंचल टैक्सी यूनियन दोफाड़ हो गई है। हिम आंचल टैक्सी यूनियन से अलग होकर कुछ ऑपरेटरों ने फिर से मनाली टैक्सी ऑपरेटर यूनियन सक्रिय करने का दावा किया है।
बताया जा रहा है कि हिम आंचल टैक्सी यूनियन की पूर्व कार्यकारिणी ने अपने कार्यकाल में लेन-देन का भुगतान नहीं किया है, जबकि वर्तमान में हिम आंचल टैक्सी यूनियन के पास बजट नहीं है। ऐसे में इस लेन-देन का भुगतान नहीं हो पा रहा है। इसी बात को लेकर पूर्व प्रधान राज कुमार डोगरा व वर्तमान प्रधान गुप्त राम मारुति के बीच आपसी मतभेद हो गए और राजकुमार डोगरा ने पहले गठित की गई और समायोजित यूनियन को दोबारा सक्रिय करने का एलान कर दिया। पर्यटन नगरी में मनाली टैक्सी ऑपरेटर यूनियन एक बार फिर से अपनी सेवाएं प्रदान करेंगी। मनाली टैक्सी यूनियन के फाउंडर सदस्य रोशन ठाकुर, राजकुमार डोगरा, हेम राज व नंद लाल ने कहा कि वर्ष 2000 में अलग से मनाली टैक्सी ऑपरेटर यूनियन का गठन किया था। लेकिन आपसी सहमति होने के बाद वर्ष 2010 में हिम आंचल टैक्सी ऑपरेटर यूनियन मनाली में शामिल हो गए थे। जल्द ही मनाली टैक्सी ऑपरेटर यूनियन की कार्यकारिणी गठित की जाएगी। मनाली के अलावा केलांग, पतलीकूहल, रायसन और नग्गर में भी यूनियन के उप कार्यालय खोले जाएंगे। हेली टैक्सी सेवा, रोहतांग को लगाई गई इलेक्ट्रिक बसों को लेकर प्रदेश सरकार से जल्द बात की जाएगी। उन्होंने कहा कि ऑपरेटरों के हितों को ध्यान में रखकर ही सही फैसले लिए जाएंगे। हाईकोर्ट ने टैक्सियों में जो मीटर लगाने के लिए आदेश दिए हैं, उसको लेकर प्रदेश सरकार से आग्रह किया जाएगा कि हाईकोर्ट में पुन याचिका दायर कर ऑपरेटरों को राहत दिलवाई जाए। कहा कि ऑपरेटर यूनियन में जो सदस्यता ग्रहण करना चाहते हैं, वे वीरवार से कार्यालय में पंजीकरण करवा सकते हैं।
व्यक्तिगत फायदे तोड़ रहे यूनियन : गुप्त राम
हिम आंचल टैक्सी ऑपरेटर यूनियन मनाली के प्रधान गुप्त राम मारुति ने बताया कि हिम आंचल टैक्सी ऑपरेटर यूनियन का दायरा मनाली थाना से लेकर लाहौल-स्पीति जिला तक है। इसमें यहां से वहां तक की गाड़ियां पंजीकृत हैं। यदि कोई यूनियन बनाना चाहता है तो वह इस क्षेत्र से बाहर बना सकता है। उन्हें इस संबंध में आपत्ति नहीं है। कहा कि कुछ सदस्य अपने व्यक्तिगत फायदे के लिए यूनियन को तोड़ने के लिए ऐसा कर रहे हैं।