धर्मशाला। हिमाचल प्रदेश केंद्रीय विश्वविद्यालय के समाजशास्त्र और सामाजिक विज्ञान विभाग की ओर से आधुनिक समाज, दिशा एवं चुनौतियां वांछित प्रति उत्तर स्वामी विवेकानंद विषय पर तीन दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का उद्घाटन मुख्य अतिथि बिहार के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सत प्रकाश बंसल ने की। इस मौके पर बतौर मुख्य अतिथि आर्लेकर ने स्वामी विवेकानंद के जीवन पर प्रकाश डालते हुए, उन्हें सामाजिक या राजनीतिक नेता से अधिक एक समाज वैज्ञानिक कहा।
उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद ने समाज में न्याय और समानता के महत्व पर बल दिया और वंचित वर्गों के प्रति समाज के दायित्वों को भी उजागर किया। वहीं, विश्वविद्यालय के कुलपति और संगोष्ठी अध्यक्ष सत प्रकाश बंसल ने संगोष्ठी की महत्ता पर अपनी बात रखते हुए स्वामी विवेकानंद के जीवन पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गुरु और शिष्य के बीच पवित्र रिश्ता बना रहना चाहिए जैसे स्वामी विवेकानंद और रामकृष्ण परमहंस के बीच था।