अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। जिला कांगड़ा में टीबी उन्मूलन अभियान को और तेज करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने मई माह में विशेष जांच अभियान चलाने का निर्णय लिया है। इंदौरा क्षेत्र के 22 जोखिमपूर्ण गांवों को चिह्नित किया गया है। इन गांवों में स्वास्थ्य विभाग की टीमें रोजाना लोगों की जांच करेंगी। रोजाना तीन अलग-अलग स्थानों पर टीबी जांच शिविर आयोजित होंगे जहां संदिग्ध लोगों की स्क्रीनिंग और आवश्यक जांच की जाएगी।
विभाग के अनुसार, 1 मई को ढाह, 2 को हगवाल, 4 को चनौर, 5 को पंजाला, 6 को तोकी, 7 को खुब्बर, 8 को मियानी, 9 को मलोट, 11 को थपकौर, 12 को पलाख, 13 को मलारी, 14 को भपू, 15 को इंदपुर, 16 को तियोरा, 18 को हगवाल, 19 को सिरत, 20 को चूरपुर, 21 को बेला इंदौरा, 22 को कंदरोड़ी, 23 को सूरजपुर उपरला, 25 को घोरां, 26 को घंदरां, 27 को मजवाह, 28 को मिलवां, 29 को माजरा और 30 अप्रैल को सनौर में टीबी जांच शिविर का आयोजन किया जाएगा। इसके अलावा जिले के अन्य स्थानों पर भी 100 से अधिक टीबी जांच शिविर आयोजित किए जाएंगे।
अभियान टीबी मुक्त भारत के लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा। यदि किसी व्यक्ति को लगातार खांसी, बुखार, वजन कम होना या अन्य लक्षण दिखाई दें तो वह जांच शिविर में पहुंचकर जांच अवश्य करवाएं।
-डॉ. राजेश सूद, जिला स्वास्थ्य अधिकारी