विश्व प्रसिद्ध ट्रैकिंग स्थल त्रियूंड के समीप धौलाधार की पहाड़ियों पर हुई हल्की बर्फबारी।
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धर्मशाला। मैक्लोडगंज से करीब 10 किलोमीटर दूर अमूमन बर्फ से ढके रहने वाले पर्यटन स्थल त्रियुंड तक ट्रैकिंग के लिए वन विभाग रोक लगाएगा, ताकि बर्फबारी के दौरान किसी पर्यटक की जान खतरे में न पड़े। इसलिए विभाग 15 दिसंबर से लेकर 31 मार्च तक इस ट्रैकिंग पर्यटन स्थल तक पर्यटकों के जाने पर रोक लगाएगा। यहां सर्दियों के मौसम में भारी बर्फबारी होने के कारण विभाग की ओर से हर वर्ष यह यात्रा सुरक्षा कारणों से बंद कर दी जाती है। दिसंबर में पहाड़ों पर बर्फबारी के बीच इस बार भी विभाग का यह फैसला प्रभावी रहेगा।
विभाग के इस फैसले के बाद पर्यटकों को त्रियुंड जाकर बर्फ का आनंद लेने से महरूम ही रहना पड़ेगा। दीगर है कि भारी बर्फबारी के बाद ऊपरी इलाकों से कई खूंखार जानवर ठंड से बचने के लिए निचले इलाकों में आ जाते हैं। ये जानवर इस दौरान वन मंडल धर्मशाला के तहत धौलाधार पर्वत श्रृंखला के नीचे के क्षेत्रों त्रियुंड, सराहा, बासा, रिडकमार, गलु, करेरी, सतोवरी और तपोवन इंद्रहार आदि में आ जाते हैं। इनमें तेंदुुआ, भालू, हिरण, घोरड़, जंगली सूअर जैसे खतरनाक जानवर शामिल हैं। इसके चलते यहां आने वालों के साथ अप्रिय घटनाएं घटने का खतरा बना रहता है। मार्च के अंत में सर्दियों का मौसम खत्म होने के बाद जब हालात सामान्य हो जाते हैं तभी विभाग की ओर से त्रियुंड ट्रैकिंग की अनुमति दी जाती है। धर्मशाला स्थित वन मंडल अधिकारी डॉ. संजीव ने बताया कि मौसम खराब रहने के चलते पर्यटकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 15 दिसंबर से त्रियुंड ट्रैकिंग पर रोक रहेगी।