धर्मशाला। तपोवन में 18 दिसंबर से होने वाले विधानसभा के शीतकालीन सत्र से पहले जिला प्रशासन हरकत में आ गया है। शीतकालीन सत्र के मद्देनजर लोक निर्माण विभाग और स्मार्ट सिटी प्रबंधन धर्मशाला की सड़कों को संवारने में जुट गया है। वहीं, बिजली-पानी की व्यवस्था को भी सुधारा जा रहा है।
तपोवन में प्रस्तावित शीतकालीन सत्र के लिए धर्मशाला में करीब पांच दिन तक सरकार डेरा डालने वाली है। ऐसे में शहर में नेताओं और आला अधिकारियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो इसके लिए स्थानीय अधिकारियों ने कमर कस ली है। धर्मशाला में जगह-जगह सड़कों के बीच खोदी नालियों को अब कंक्रीट डालकर भरा जा रहा है, ताकि सत्र के दौरान यहां व्यवस्था की पोल न खुले।
धर्मशाला के कोतवाली बाजार स्थित गांधी वाटिका से लेकर सिद्धबाड़ी तक सड़क के खराब हिस्सों की मरम्मत जोर-शोर से शुरू कर दी गई है। इससे अब यहां के स्थानीय निवासियों को भी गड्ढों में लगने वाले हिचकोलों से राहत मिलेगी। स्मार्ट सिटी धर्मशाला के एसडीओ केवल शर्मा ने कहा कि धर्मशाला में खोदी सड़कों पर कंक्रीट डालने का कार्य शुरू कर दिया गया है। जहां स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत काम किए गए हैं, वहां सड़कों की मरम्मत की जा रही है।
धर्मशाला में क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत और सड़कों के बीच पड़े गड्ढों को भरने के लिए लोक निर्माण विभाग और स्मार्ट सिटी के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। विधानसभा शीतकालीन सत्र से पहले सड़कों को दुरुस्त करवा दिया जाएगा।
- हेमराज बैरवा, डीसी कांगड़ा।
खोदाई के बाद सड़कों की हालत थी खस्ता
धर्मशाला में सड़कों के बीच खोदाई कर वहां दोबारा टारिंग बिछाने की बजाय उन्हें मिट्टी डालकर छोड़ दिया गया था। इस वजह से पिछले करीब एक साल से वाहन चालकों को वहां से हिचकोले खाकर गुजरना पड़ रहा था। इसके चलते दोपहिया वाहन चालक हादसों का शिकार भी हो रहे थे। कई बार शिकायत करने के बाद भी इस गड्ढों को नहीं भरा जा रहा था, लेकिन जैसे की शीतकालीन सत्र आया को प्रशासन सहित अन्य विभाग भी हरकत में आ गए हैं।