पंचरुखी (कांगड़ा)। क्षेत्र के वटाहन गांव के 27 वर्षीय पंकज की फरवरी में हुई हत्या के मामले में चार माह बाद आई पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मृतक के परिजनों को संतुष्ट नहीं हैं। पंकज के पिता सुरेश कुमार ने इस रिपोर्ट पर संदेह जताया है और फोरेंसिक टीम की जांच पर सवाल उठाए हैं। उन्हाेंने कहा कि रिपोर्ट में कहीं भी यह उल्लेख नहीं किया कि पंकज के शरीर के साथ कोई छेड़खानी की गई थी और इसे सामान्य मृत्यु करार दिया है। उन्होंने बताया कि पंकज का शव ज्वालाजी के जंगलों में बहुत बुरी हालत में मिला था। शव का पोस्टमार्टम टांडा मेडिकल कॉलेज में किया गया था। उस समय पंकज के सिर में गहरे घाव थे और चेहरे के अलावा बाजू पर लिखे नाम को जलाकर मिटाने की भी कोशिश की गई थी। एक हाथ की अंगुलियां भी काट दी थीं, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट में ऐसा कुछ भी नहीं आया है।
वह पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार कर रहे थे, ताकि पंकज की हत्या में शामिल अपराधियों को कठोर सजा दिला सकें। अब इस रिपोर्ट को देख कर है वह बहुत हैरान हैं। पंकज का शव मिलने के बाद उन्होंने जब एफआईआर दर्ज करने के लिए पंचरुखी के सलियाना चौक में धरना दिया था, जिसमें क्षेत्र के सैकड़ों लोग शामिल थे। इस दौरान सभी लोगों ने पंकज के सिर पर घाव और जले हुए शरीर को देखा था, जो इसके गवाह हैं। हत्या में शामिल अपराधियों ने भी अपना गुनाह कबूल करते हुए जिस लोहे के औजार से सिर पर हमला किया था, पुलिस ने उसे भी बरामद कर लिया था। रिपोर्ट में हत्या का जिक्र न होने से उन्होंने मिलीभगत के आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि हम गरीब आदमी हैं और हमें कानून व्यवस्था पर पूरा भरोसा था, लेकिन जिस तरह से रिपोर्ट आई है उससे लगता है कि उनकी कोई सुनवाई नहीं होगी।
- पंकज मौत मामले में पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर कोर्ट में चालान पेश कर दिया है। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट को कोर्ट में पेश कर दिया जाएगा।
-लोकेंद्र सिंह नेगी, डीएसपी पालमपुर