धर्मशाला में समर्थ-2024 के तहत सुरक्षित भवन निर्माण को लेकर दस्तक अभियान का शुभारंभ करते हुए उप
धर्मशाला। हर व्यक्ति का सपना होता है कि वह अपने परिवार के लिए सुरक्षित और मजबूत घर बनाए, लेकिन कई बार निर्माण के दौरान सुरक्षा के बुनियादी नियमों की अनदेखी से घर ही जीवन के लिए खतरा बन जाता है। इसलिए घर बनाने के पूर्व उसकी सुरक्षा और मजबूती से जुड़े हर पहलू पर कार्य करना जरूरी है। यह बात उपायुक्त कांगड़ा हेमराज बैरवा ने कही।
वह शनिवार को समर्थ-2024 के तहत सुरक्षित भवन निर्माण को लेकर दस्तक अभियान का शुभारंभ करते हुए बोल रहे थे। इस अभियान का उद्देश्य लोगों को सुरक्षित और सुदृढ़ भवन निर्माण के प्रति जागरूक करना है, ताकि प्राकृतिक आपदाओं के दौरान जान-माल का नुकसान कम किया जा सके। अभियान के तहत जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण 13 अक्तूबर तक घर-घर दस्तक देकर लोगों को सुरक्षित भवन निर्माण के लिए जागरूक करेगा।
उपायुक्त ने कहा कि हमारा क्षेत्र भूकंप और अन्य प्राकृतिक आपदाओं को लेकर अति संवेदनशील है। हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि भूकंप जान नहीं लेते, बल्कि इमारतें जान लेती हैं। इन सभी बातों को देखते हुए सुरक्षित और सुदृढ़ निर्माण अति आवश्यक हो जाता है। उन्होंने कहा कि भवन निर्माण के दौरान भूमि का चयन करते समय कोशिश करें कि वह नदी, नालों, सीधी पहाड़ियों से दूर हो।
इसके साथ ही जहां तक संभव हो, घर बनाते समय किसी कुशल अभियंता (इंजीनियर) से सलाह लेना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि आम जनमानस के लिए सुरक्षित भवन निर्माण में सुविधा देने के लिए जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण हर पंचायत से 5-5 मिस्त्रियों को प्रशिक्षण दे रहा है।