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Harish Rana Death: हरीश राणा की अस्थियां हरिद्वार में कीं विसर्जित, तेरहवीं पैतृक गांव पलेटा में करेगा परिवार

Fri, 27 Mar 2026 10:25 AM IST
Ankesh Dogra संवाद न्यूज एजेंसी, गाजियाबाद/जालग (कांगड़ा)।

सार

Harish Rana Funeral: इच्छामृत्यु के बाद हरीश राणा का हरिद्वार में अस्थि विसर्जन कर दिया गया है। वहीं, तेरहवीं सहित अन्य सभी कर्मकांड हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा स्थित पैतृक गांव पलेटा में किए जाएंगे। पढ़ें पूरी खबर...
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हरीश राणा को अंतिम विदाई - फोटो : PTI
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विस्तार
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इच्छामृत्यु के बाद 13 वर्षों की मौन पीड़ा से मुक्त हुए हरीश राणा की अस्थियां वीरवार को हरिद्वार में गंगा में विसर्जित कर दी गईं। इसके बाद पूरा परिवार हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा स्थित अपने पैतृक गांव पलेटा के लिए रवाना हो गया। वहां तेरहवीं सहित अन्य सभी कर्मकांड किए जाएंगे। राजनगर एक्सटेंशन स्थित राज एंपायर सोसायटी निवासी एनपी शर्मा ने बताया कि इससे पहले बुधवार देर शाम सोसायटी में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। गहरे शोक में डूबे परिवार को काफी मनाने के बाद इसमें शामिल कराया जा सका। 

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पिता अशोक राणा भी कई बार आग्रह के बाद सभा में पहुंचे। गमगीन माहौल में उपस्थित लोगों ने हरीश को अश्रुपूर्ण श्रद्धांजलि दी और परिवार के साहस को नमन किया। एनपी शर्मा ने बताया कि अस्थियां चुनने के बाद परिवार हरिद्वार गया और वहीं विसर्जन किया। अब सभी लोग गांव में तेरहवीं संस्कार के बाद ही वापस लौटेंगे। सोसायटी में रहने वाले वीएन शर्मा ने इस बात पर हैरानी जताई कि न तो अंतिम संस्कार के समय और न ही उसके बाद अब तक कोई जनप्रतिनिधि या अधिकारी परिवार से मिलने पहुंचा।

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पलेटा लौट रहा हरीश राणा का परिवार
इच्छामृत्यु प्रकरण के केंद्र में रहे हरीश राणा के निधन के बाद उनका परिवार आज अपने पैतृक गांव पलेटा लौट रहा है। हरीश के मामा मिलाप ने बताया कि सभी धार्मिक विधियां संपन्न करने के बाद परिवार अब गांव लौट रहा है। शुक्रवार सुबह 4 बजे के आसपास परिवार के सदस्य अपने घर पर पहुंचने की संभावना है। परिवार के आगमन की सूचना मिलते ही पलेटा और आसपास के क्षेत्रों में शोक और संवेदना का माहौल गहरा गया है।

ग्रामीणों का कहना है कि हरीश राणा का निधन न केवल उनके परिवार, बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए बड़ी भावनात्मक क्षति है। भले ही उनका परिवार लंबे समय से गांव से बाहर रह रहा था, लेकिन गांव से उनका जुड़ाव हमेशा बना रहा। गांववासी इस कठिन समय में परिवार के साथ खड़े हैं और हरीश राणा की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना कर रहे हैं। 
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