शाहपुर (कांगड़ा)। नगर पंचायत शाहपुर में अध्यक्ष पद के आरक्षण को लेकर सोशल मीडिया पर गद्दी समुदाय के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने के मामले में पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर ली है। गद्दी समुदाय के भारी विरोध और लिखित शिकायत के बाद पुलिस ने पूर्व मनोनीत पार्षद राजीव पटियाल के खिलाफ एससी/एसटी एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज की गई है।
शहरी विकास विभाग द्वारा शाहपुर नगर पंचायत में अध्यक्ष का पद एसटी वर्ग के लिए आरक्षित किए जाने के बाद से ही क्षेत्र में सियासी सरगर्मी तेज थी। इसी बीच पूर्व मनोनीत पार्षद की एक सोशल मीडिया पोस्ट ने आग में घी का काम किया। आरोप है कि उन्होंने समुदाय विशेष के खिलाफ अपमानजनक और जातिसूचक शब्दों का प्रयोग किया।
पोस्ट वायरल होते ही समाज के विभिन्न वर्गों ने इसकी कड़ी निंदा की और जनभावनाएं उग्र हो गईं। हालांकि, विवाद बढ़ता देख आरोपी ने सोशल मीडिया पर माफी भी मांगी, लेकिन समुदाय के प्रतिनिधि कानूनी कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। गद्दी समुदाय के प्रतिनिधियों ने एकजुट होकर पुलिस थाना शाहपुर में लिखित शिकायत सौंपी। अरुण कौशल, कमल कुमार शर्मा, पंकू कांगड़िया, अजय बबली, राहिल समयाल और बाली राम ने कहा कि ऐसी टिप्पणियां सामाजिक सौहार्द को बिगाड़ती हैं और इन्हें किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
एएसपी कांगड़ा बीर बहादुर ने कहा कि शिकायत के आधार पर आरोपी पूर्व पार्षद राजीव पटियाल के खिलाफ एससी/एसटी एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर ली है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है और कानून के मुताबिक आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
समुदाय पर आपत्तिजनक टिप्पणी निंदनीय : जगदीश
जसूर (कांगड़ा)। नगर पंचायत शाहपुर के पर्व मनोनीत पार्षद की ओर से सोशल मीडिया पर गद्दी, गुजर और लबाना समुदाय के खिलाफ की गई आपत्तिजनक टिप्पणी पर गद्दी कल्याण बोर्ड के सदस्य जगदीश चौहान ने पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग स्वयं को उच्च समझकर अन्य समुदायों का अपमान कर रहे हैं, जो बेहद निंदनीय है। जगदीश चौहान ने कहा कि गद्दी समुदाय का इतिहास भगवान शिव से जुड़ा है और यह अपनी सरलता व भरोसे के लिए जाना जाता है। उन्होंने चेतावनी दी कि समुदाय के विरुद्ध इस तरह की जातिगत टिप्पणियों को कतई सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने समाज में आपसी सौहार्द बनाए रखने की अपील करते हुए ऐसे तत्वों के खिलाफ कड़ा रोष प्रकट किया है। संवाद