धर्मशाला। जिला मुख्यालय धर्मशाला में पांच करोड़ रुपये की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। जेएंडके बैंक और कावी होटल्स प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के निदेशक पर एक स्थानीय निवासी ने फर्जी तरीके से लोन जारी करने के आरोप लगाए हैं। धर्मशाला पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
भागसूनाग निवासी मदन लाल कपूर ने आरोप लगाया है कि बैंक अधिकारियों और होटल कंपनी ने मिलीभगत कर उनके दस्तावेजों का दुरुपयोग करते हुए निजी कंपनी को करोड़ों का लोन जारी किया और उन्हें गारंटर बना दिया। पुलिस को दी शिकायत में मदन लाल कपूर ने कहा कि उन्होंने वर्ष 2019 में लोन के लिए आवेदन किया था।
बैंक ने 30 जुलाई 2019 को नियमित बैंक औपचारिकताओं के बहाने खाली दस्तावेजों पर हस्ताक्षर करवा लिए थे। लोन के लिए जो दस्तावेज दिए थे, उन्हीं दस्तावेजों के माध्यम से होटल कंपनी को लगभग पांच करोड़ रुपये का ऋण जारी कर दिया गाय है। इसके साथ ही उन्हें पांच करोड़ रुपये के इस ऋण का बिना उनकी जानकारी के गारंटर भी बना दिया।
धोखाधड़ी की जानकारी मिलने पर शिकायतकर्ता ने धर्मशाला पुलिस को शिकायत सौंपी, जिस पर आईपीसी की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर जांच आरंभ कर दी गई है। एएसपी बीर बहादुर ने पुष्टि करते हुए कहा कि बैंक और कंपनी के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच के सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर कार्रवाई की जा रही है।