धर्मशाला। व्यावसायिक वाहनों में सरकार की ओर से कूड़ेदान रखने के नियम का पहले दिन जिलेभर में मिलाजुला असर देखने को मिला। बुधवार को कई निजी बसों में कूड़ेदान नजर आए तो कुछ बस चालकों ने कहा कि जल्द ही कूड़ेदान लगा दिए जाएंगे। वहीं, बुधवार दोपहर तक सरकारी बसों में कूड़ेदान नहीं नजर आए। हालांकि एचआरटीसी प्रबंधन का कहना है कि सरकार के फैसले का पालन करेंगे। कूड़ेदानों का ऑर्डर दे दिया है। जल्द सभी बसों में कूड़ेदान लगा दिए जाएंगे। बुधवार दोपहर 02:30 से 03:00 बजे तक धर्मशाला बस अड्डा का निरीक्षण किया तो इस दौरान पाया कि कई निजी बसों में कूड़ेदान रखे थे तो कई बसों में नहीं थे। कुछ निजी बस चालकों ने इस नियम का समर्थन किया तो कुछ ने विरोध किया। टैक्सी चालकों का कहना है कि टैक्सियों में सामान रखने की जगह नहीं होती है को कूड़ेदान कहां रखेंगे। सरकार को किसी भी फरमान को थोंपने से पहले प्लान तैयार करना चाहिए। सबसे बड़ी समस्या कूड़ेदानों को खाली कहां करेंगे, क्योंकि अधिकतर पर्यटन स्थानों पर कूड़ेदान तक नहीं हैं। व्यावसायिक वाहन ऑपरेटरों को परेशान करने का काम सरकार की ओर से किया जा रहा है। सरकार ने कूड़ेदान न होने पर जुर्माने का प्रावधान रखा है लेकिन खुले में कूड़ा फैलने वालों पर कोई कार्रवाई नहीं होती है।
सरकार के नियमों को ध्यान में रखते हुए बस में कूड़ेदान रख लिए हैं लेकिन सवारियों को भी चाहिए कि कूड़े को बस में फेंकने की बजाय कूड़ेदान में डाला जाए। सरकार के सभी नियमों का पालन किया जा रहा है। सरकार को चाहिए कि लोगों को भी कूड़ेदान में कचरा डालने के लिए जागरूक करना चाहिए।
- मुन्ना, परिचालक, सेठी बस
सरकार का बसों में कूड़ेदान अनिवार्य करने का फैसला एकतरफा और बिना जमीनी हकीकत को समझे लिया कदम है। पहले ही बढ़ती लागत, टैक्स और नियमों के बोझ से जूझ रहे हैं, अब कूड़ादान लगाने और उसकी सफाई की जिम्मेदारी भी हम पर डाल दी गई है। बिना उचित योजना और सहयोग के ऐसे नियम केवल झंझट बढ़ाते हैं।
अखिल सूद, निजी बस मालिक, ज्वालामुखी
- व्यावसायिक वाहनों में कूड़ेदान रखना अनिवार्य कर दिया है, लेकिन पर्यटन स्थलों पर भी कूड़ेदान होने चाहिए। सवाल यह है कि व्यावसायिक वाहनों में कूड़ेदानों के कचरे और प्लास्टिक को कहां रखेंगे। इसके लिए सरकार ने कोई प्लान तैयार नहीं किया है। बस जल्दबाजी में फरमान जारी कर दिया, जिससे टैक्सी चालकों को दिक्कत होगी।
वरुण शर्मा, अध्यक्ष, ज्वाइंट एक्शन कमेटी ऑल हिमाचल टैक्सी एसोसिएशन कांगड़ा
टैक्सियों में पहले भी जगह की कमी होती है, ऐसे में कूड़ेदान को कहां रखेंगे। टैक्सी में सैलानियों और उनके सामान से ही सारी जगह भर जाती है। सरकार के इस फैसले से सबसे अधिक दिक्कत टैक्सी चालकों को होगी। सरकार को यह भी प्लान बनाना चाहिए था कि कूड़ेदान के कूड़े को
टैक्सियों या अन्य वाहनों से कहां रखा जाए।
- मनु हांडा, टैक्सी ऑपरेटर धर्मशाला
सरकार के सभी नियमों की पालना की जाएगी। एचआरटीसी मंडल धर्मशाला के तहत सभी बसों में कूड़ेदान की व्यवस्था की जाएगी। सभी बसों के लिए कूड़ेदानों का ऑर्डर कर दिया है।
- पंकज चड्ढा, डीएम, एचआरटीसी मंडल धर्मशाला
धर्मशाला बस स्टैंड में खड़ी निजी बस में डाईवर सीट के साथ रखा गया कूड़ेदान। संवाद- फोटो : भाजपा
धर्मशाला बस स्टैंड में खड़ी निजी बस में डाईवर सीट के साथ रखा गया कूड़ेदान। संवाद- फोटो : भाजपा
धर्मशाला बस स्टैंड में खड़ी निजी बस में डाईवर सीट के साथ रखा गया कूड़ेदान। संवाद- फोटो : भाजपा
धर्मशाला बस स्टैंड में खड़ी निजी बस में डाईवर सीट के साथ रखा गया कूड़ेदान। संवाद- फोटो : भाजपा
धर्मशाला बस स्टैंड में खड़ी निजी बस में डाईवर सीट के साथ रखा गया कूड़ेदान। संवाद- फोटो : भाजपा