धर्मशाला। विशेष न्यायालय (एनडीपीएस) धर्मशाला के न्यायाधीश जसवंत सिंह की अदालत ने चिट्टा तस्करी के एक मामले में दिल्ली निवासी युवक को आठ वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही दोषी पर एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। यदि दोषी जुर्माना राशि अदा करने में विफल रहता है, तो उसे एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
मामले के अनुसार 20 सितंबर 2023 को नगरोटा बगवां पुलिस की विशेष टीम ने गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के अनुसार देहरियां चौक के पास राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला खर्ट के बाहर टियाला नामक स्थान पर एक संदिग्ध व्यक्ति नशीला पदार्थ बेचने की फिराक में था। पुलिस टीम ने मौके पर दबिश देकर पाया कि वहां अभिषेक निवासी संगम विहार, दक्षिण दिल्ली मौजूद था।
पुलिस को देखते ही आरोपी घबरा गया और उसने अपनी पेंट की जेब से एक पुड़िया निकालकर पास की झाड़ियों में फेंक दी। पुलिस ने स्वतंत्र गवाहों की मौजूदगी में झाड़ियों से वह पुड़िया बरामद की। जांच में यह 11.27 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) निकला। इस पर पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया।
अदालत में सुनवाई के दौरान जिला न्यायवादी संजीव राणा ने मामले की प्रभावी पैरवी की। अभियोजन पक्ष ने दोषी के खिलाफ जुर्म साबित करने के लिए कुल 12 गवाहों के बयान दर्ज करवाए। उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों की गवाही के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए जेल भेज दिया।