शहर में कूड़ा निष्पादन संयंत्र लगाने पर फिर विवाद
कुछ लोगों ने नगर परिषद के ईओ को सौंपा ज्ञापन
बोले, चिह्नित जगह के निकट निजी जमीन, होगी परेशानी
संवाद न्यूज एजेंसी
देहरागोपीपुर (कांगड़ा)। शहर में कूड़ा निष्पादन संयंत्र स्थापित करने की राह आसान नहीं दिख रही। देहरा के कुछ लोगों ने कूड़ा निष्पादन संयंत्र के लिए चिह्नित भूमि पर इसे स्थापित करने का विरोध किया है। वीरवार को शहर के आधा दर्जन लोगों ने इसे वार्ड नंबर एक के तहत राजगढ़ में स्थापित करने के खिलाफ नगर परिषद देहरा के ईओ को ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से लोगों ने कहा कि जिस स्थान पर कूड़ा संयंत्र स्थापित करने के लिए जगह चिह्नित की गई है उसके आसपास उनकी भूमि है। साथ ही केंद्रीय विवि भवन, आईपीएच रेस्ट हाउस सहित हाउसिंग बोर्ड काॅलोनी है। उनका मानना है कि यदि इस जगह पर कूड़ा निष्पादन संयंत्र स्थापित किया जाता है तो आसपास रहने वाले लोगों को परेशानी होगी इसलिए इसे दूसरी जगह स्थापित किया जाए।
शहर में सात वार्ड हैं जहां करीब 1200 मकान और 400 से अधिक दुकानें हैं। साथ ही दर्जनों सरकारी कार्यालय भी हैं। शहर से रोजाना करीब तीन टन से अधिक कचरा निकलता है। नप घर-द्वार से ट्राली के जरिये इस कचरे को उठाती है लेकिन कूड़ा निष्पादन संयंत्र नहीं होने से इसे ठिकाने लगाना काफी मुश्किल होता है। साल 2022 से नप देहरा कूड़ा संयंत्र स्थापित करने की कोशिश कर रही है लेकिन किसी न किसी कारण और स्थानीय विरोध के कारण यह अभी तक स्थापित नहीं हो पाया है। इससे नप की दिक्कत बढ़ गई है।
इसके बारे में नगर परिषद देहरा ईओ अनुभव शर्मा का कहना है कि कूड़ा संयंत्र को लेकर उनसे कुछ लोग मिले हैं और उन्हें ज्ञापन सौंपा है। नप की आगामी बैठक में इसे रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि शहर का विस्तार हो रहा है। केंद्रीय विवि सहित कई व्यावसायिक भवन और सरकारी कार्यालय खुल रहे हैं। शहर की सफाई के लिए एक कूड़ा संयंत्र स्थापित होना बहुत जरूरी है।
नप उपाध्यक्ष मलकीत परमार का कहना है कि जहां पर कूड़ा संयंत्र स्थापित किया जा रहा है, उसके निकट उनका घर है। लोगों को समझना होगा कि कूड़ा संयंत्र स्थापित होने से किसी को कोई समस्या नहीं होगी और न ही किसी प्रकार की बदबू रहेगी। ये जगह शहर से बाहर है। यहां पर आधुनिक कूड़ा संयंत्र लगाया जा रहा है।