पालमपुर (कांगड़ा)। पूर्व मुख्यमंत्री शांता कुमार ने पीडीपी नेता महबूबा मुफ्ती द्वारा अनुच्छेद 370 की बहाली के लिए 5 अगस्त से आंदोलन शुरू करने की घोषणा पर दुख और हैरानी व्यक्त की है। उन्होंने कहा कि अनुच्छेद 370 भारत के माथे पर एक बहुत बड़ा कलंक था, जिसे अब दुनिया की कोई भी शक्ति दोबारा लागू नहीं कर सकती। महबूबा मुफ्ती चाहे कुछ भी कर लें, सात जन्म तक अनुच्छेद 370 वापस नहीं आ सकता।
शांता कुमार ने 1953 के कश्मीर आंदोलन का स्मरण करते हुए बताया कि 19 वर्ष की आयु में उन्होंने इस सत्याग्रह में भाग लिया था और आठ महीने गुरदासपुर व हिसार जेल में बिताए थे। उन्होंने कहा कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बलिदान और हजारों कार्यकर्ताओं के संघर्ष के बाद आखिरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस कलंक को मिटाया। भारत का कोई भी देशभक्त इसे दोबारा स्वीकार नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि ईश्वर महबूबा मुफ्ती को सद्बुद्धि दे।