ज्वालामुखी (कांगड़ा)। पूर्व मंत्री एवं भाजपा के वरिष्ठ नेता रमेश धवाला ने ज्वालामुखी में पत्रकार वार्ता में कहा कि ज्वालामुखी विधानसभा क्षेत्र के भड़ोली और आसपास के क्षेत्र की उपजाऊ भूमि में आपदा ने खूब कहर बरपाया है। क्षेत्र की लगभग 500 हेक्टेयर भूमि में बाढ़ की गाद और रेत-मिट्टी भर गई है, जिससे यहां पर लगाए गए पेड़-पौधे और सब्जियां-फल बर्बाद हो गए हैं। शिवा प्रोजेक्ट के तहत 500 कनाल भूमि में यहां लोगों ने पौधे लगाए थे। बागवानी विभाग ने यहां पर बाड़बंदी के लिए 50 लाख रुपये खर्च किए थे। दो पंचायत अधवानी और जखोटा में 400 हेक्टेयर की भूमि गाद मिट्टी और रेत से भर गई है। अब यह भूमि खेती योग्य नहीं रह गई है। अब लोगों के हुए इस नुकसान की भरपाई कृषि विभाग की ओर से की जानी है।
ऐसे में 45000 रुपये प्रति हेक्टेयर के हिसाब से सरकार ने मानक तय किए हुए हैं, परंतु हैरानी इस बात की है कि इतना लंबा अरसा बीत जाने के बाद भी किसी भी विभाग के लोग यहां पर लोगों के हुए नुकसान का निरीक्षण करने के लिए नहीं पहुंचे हैं। इससे लोगों में रोष है। यहां पर लगाए गए बिजली के ट्रांसफार्मर खराब हो गए हैं। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार के नॉर्म के अनुसार जिन लोगों के घर पूरी तरह से बर्बाद हो गए हैं उन्हें 1,20,000 रुपये दिए जा रहे हैं। जबकि प्रदेश सरकार की तरफ से लोगों को कुछ नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि लोगों को कम से कम 10 मरले जमीन दी जाए और उन्हें दोबारा बसाने के लिए कॉलोनी का निर्माण किया जाए।