कार्यकाल के साथ प्रदर्शन भी बनेगा आधार
राज्य की उच्चस्तरीय बैठक में हर जिले में तैनात उपायुक्त के कार्यकाल के साथ उनकी कार्यशैली और प्रदर्शन की समीक्षा की गई है। सरकार की ओर से यह भी देखा जा रहा है कि संबंधित अधिकारी ने जिले में किस तरह काम किया और प्रशासनिक स्तर पर उसका प्रदर्शन कैसा रहा। अच्छी कार्यशैली और बेहतर प्रदर्शन वाले कुछ उपायुक्तों को मौजूदा जिलों में कुछ और समय तक बनाए रखने पर भी विचार हो सकता है। वहीं, जिन अधिकारियों के खिलाफ मंत्री, विधायक या आम लोगों की ओर से सरकार के पास शिकायतें पहुंची हैं, उनके तबादले किए जा सकते हैं। फिलहाल अंतिम निर्णय मुख्यमंत्री कार्यालय को लेना है। मुख्यमंत्री की मंजूरी के बाद ही तबादलों की सूची जारी होगी। ऐसे में लंबे समय से एक ही जिले में तैनात उपायुक्तों के साथ-साथ सरकार की नजर में शिकायतों वाले अधिकारियों में भी बदलाव संभव माना जा रहा है।