डाक कार्यालय ऊना का छंटाई कार्यालय बंद होने से युवाओं और लोगों की दिक्कतें बढ़ गई हैं। विभिन्न डाकघरों की छंटाई पहले ऊना जिले में ही हो जाती थी। लोगों को समय पर उनके जरूरी पत्र मिल जाते थे। अब डाक की छंटाई अंबाला में होती है। उसके बाद हिमाचल प्रदेश के अलग-अलग जिलों में डाक भेजी जाती है। जिले के मुख्य डाकघर से अलग-अलग पोस्ट ऑफिस में डाक भेजी जाती है। इससे खासकर युवाओं को रोजगार सहित अन्य जरूरी कागजात समय पर न मिलने से मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
बंगाणा क्षेत्र की रायपुर मैदान पंचायत के निशांत कुमार और राजेश कुमार निवासी गांव बडौर ने फिटर ट्रेड में आईटीआई की है। उन्होंने नौकरी के लिए आवेदन किया था। दोनों युवकों को विभाग के कार्यालय से गत 15 अप्रैल को इंटरव्यू लेटर भेजे गए। यह इंटरव्यू 21 अप्रैल को निर्धारित किए गए परंतु पोस्ट ऑफिस में यह पत्र 22 अप्रैल को पहुंचे। पोस्ट ऑफिस के कर्मचारी ने उसी समय युवकों को इंटरव्यू लेटर दे दिए।
क्षेत्रवासियों अभय पराशर, सुखदेव परमार, रणधीर सिंह परमार, राज कुमार, पवन कुमार, तारा देवी, तोषी परमार, कमला देवी, शकुंलता देवी, ऊषा देवी सहित अन्य लोगों ने संबंधित विभाग के आला अधिकारियों से आग्रह किया है कि जिला ऊना के छंटाई कार्यालय को दोबारा से खोला जाए।
डाक अधीक्षक ऊना भूपिंद्र सिंह ने बताया कि उच्च अधिकारियों के निर्देश अनुसार ही छंटाई कार्यालय बंद किया गया है। इस सिलसिले में कोई और आदेश जारी किए जाते हैं तो उन्हें भी लागू किया जाएगा। युवकों को पत्र देरी से मिलने की जांच की जाएगी ताकि भविष्य में ऐसा न हो।