कल्पा में लिटरेचर फेस्टिवल का दूसरा संस्करण शनिवार को शुरू होगा। उपायुक्त किन्नौर डॉ. अमित कुमार शर्मा और पुलिस अधीक्षक किन्नौर अभिषेक एस. ने संयुक्त प्रेस वार्ता में बताया कि आइस स्केटिंग रिंक में यह उत्सव दो दिन चलेगा। उपायुक्त ने जिले की समस्त जनता को इस साहित्यिक आयोजन में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने कहा कि विशेषकर युवा और बच्चे देशभर से आए प्रसिद्ध लेखकों, विद्वानों और कवियों के साथ बातचीत कर लाभान्वित हो सकेंगे। फेस्टिवल का शुभारंभ राजस्व, बागवानी और जनजातीय विकास मंत्री जगत सिंह नेगी करेंगे। उद्घाटन समारोह का विशेष आकर्षण धर्मगुरु दलाई लामा का संदेश होगा, जिसे इस साहित्यिक उत्सव के लिए भेजा गया है।
दो दिवसीय कार्यक्रम किन्नौर के अतीत और भविष्य, समृद्ध इतिहास, संस्कृति, अर्थव्यवस्था और भविष्य की संभावनाओं पर केंद्रित होगा। किन्नौर के वन्यजीव सत्र में किन्नौर की अनूठी वनस्पतियों, जीव-जंतुओं और पक्षी प्रजातियों के बारे में जानकारी दी जाएगी। ‘तिब्बती बौद्ध धर्म और देवत्व संस्कृति’ सत्र में तिब्बती बौद्ध धर्म और स्थानीय देवता संस्कृति के बीच के संबंध पर प्रकाश डाला जाएगा।
पत्रकारों के पैनल डिस्कशन में पत्रकारिता के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा होगी। गुफाना : यह विशेष सत्र किन्नौर की मौखिक परंपराओं और स्थानीय इतिहास को समर्पित होगा, जिससे बाहरी आगंतुकों को क्षेत्र की कला और संस्कृति की गहरी समझ मिलेगी। 8 जून को कूटनीति और अंतर्राष्ट्रीय संबंध सत्र में अंतर्राष्ट्रीय सीमा क्षेत्र पर स्थित किन्नौर के निवासियों को कूटनीति और वैश्विक संबंधों के बारे में जानकारी प्रदान की जाएगी। महिलाओं के संपत्ति अधिकार से संबंधित अहम मुद्दे पर चर्चा की जाएगी। हरित ऊर्जा और विकास सत्र पनबिजली परियोजनाओं के संदर्भ में पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास के बीच संतुलन पर केंद्रित होगा।
यह प्रसिद्ध हस्तियां रहेंगे मौजूद
इस वर्ष के किन्नौर लिटरेचर फेस्टिवल में कई प्रतिष्ठित हस्तियां और विशेषज्ञ भाग लेंगे। इनमें डॉ. सोहेल हाशमी, डॉ. चेतन सिंह, डॉ. ओसी. हांडा, दीपक सानन, टीसीए राघवन, प्रो. विद्या सागर नेगी, हरीश खरे, टिकंदर पंवार, आचार्य रोशन लाल नेगी, मनराज ग्रेवाल शर्मा, श्री एवर्टव्लासविंकेल, निरुपमा सुब्रमण्यम , प्रो. पूनम सक्सेना, डॉ. मीनाक्षी पॉल, डॉ. कामायनी बिष्ट, निधि शर्मा, बुद्धा सैन नेगी, डॉ. स्नेह लता नेगी और सौरभ चौहान भी शामिल हैं।