'अकेले इंदिरा गांधी को नहीं ठहरा सकते दोषी'
पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा आप इसके लिए केवल इंदिरा गांधी को दोषी नहीं ठहरा सकते। चिदंबरम लेखिका हरिंदर बावेजा के साथ 'वे विल शूट यू, मैडम: माई लाइफ थ्रू कॉन्फ्लिक्ट' पर एक चर्चा के दौरान एक सभा को संबोधित कर रहे थे। ऑपरेशन ब्लू स्टार 1 जून से 10 जून 1984 तक चला 10 दिनों का सैन्य अभियान था। 6 जून 1984 को, पंजाब में जरनैल सिंह भिंडरावाले के नेतृत्व में सिख उग्रवाद को रोकने के लिए तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के आदेश पर ऑपरेशन ब्लू स्टार के तहत भारतीय सेना ने स्वर्ण मंदिर में धावा बोला था।
ऐसी खबर थी कि भिंडरावाले ने स्वर्ण मंदिर परिसर में भारी मात्रा में हथियार छिपा रखे थे। भिंडरावाले कट्टरपंथी सिख संगठन दमदमी टकसाल का प्रमुख था। जून 1984 में स्वर्ण मंदिर परिसर से उग्रवादियों को बाहर निकालने के लिए भारतीय सेना द्वारा शुरू किए गए ऑपरेशन ब्लू स्टार के दौरान वह अपने सशस्त्र अनुयायियों के साथ मारा गया था। इस ऑपरेशन की भारी आलोचना हुई थी। कुछ महीनों बाद, 31 अक्टूबर 1984 को इंदिरा गांधी की उनके दो सिख अंगरक्षकों ने उनके नई दिल्ली स्थित आवास पर हत्या कर दी। बेअंत सिंह और सतवंत सिंह इंदिरा गांधी के अंगरक्षक थे और उन्होंने 31 अक्टूबर 1984 को उनके आवास पर उनकी हत्या कर दी थी।