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Kangana Ranaut Controversy: 'कंगना के बयानों में झलक रहा है मानसिक दिवालियापन, मंडी के मुद्दों पर दें ध्यान'

Tue, 27 Aug 2024 03:05 PM IST
अंकेश डोगरा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला

सार

हिमाचल प्रदेश के कैबिनेट मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कंगना के विवादित बयान पर प्रतिक्रिया दी है और कहा कि मानसिक दिवालियापन जो है वो भाजपा की सांसद के बयानों में झलक रहा है।
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विक्रमादित्य सिंह/कंगना रनौत। - फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
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विस्तार
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भाजपा सांसद कंगना रनौत द्वारा निजी अखबार को दिए इंटरव्यू के बाद बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा है। कांग्रेस हो या फिर किसान संगठन दोनों कंगना रनौत के खिलाफ लामबंद हो चुके हैं। कंगना के बयान बाद हुई फजीहत के बाद भाजपा को प्रेस नोट जारी करना पड़ा कि कंगना रनौत के बयान से भाजपा का कोई लेना देना नहीं है। ये बयान कंगना का निजी मत है। वहीं, कंगना को निर्देश दिए कि वो भविष्य में ऐसा कोई बयान न दे।

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इसी कड़ी में हिमाचल प्रदेश के पीडब्लूडी मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने भी कंगना रनौत पर निशाना साधा है। विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि कंगना रनौत ने जो बयानबाजी किसानों के ऊपर की है और किसान आंदोलन में चीन का और अमेरिका का हाथ होने की संभावना जताई है। ये बयान काफी दुर्भाग्यपूर्ण है और मजाक का केंद्र बन रहा है। इसकी स्थिति विदेश मंत्रालय को सपष्ट करनी चाहिए कि क्या केंद्र की मोदी सरकार की विदेश नीति इतनी कमजोर है कि हमारे आंतरिक मुद्दों में चीन और अमेरिका हस्ताक्षेप कर रहा है। वहीं, केंद्रीय नेतृत्व ने जिस प्रकार कंगना के बयान से पल्ला झाड़ा है वो इस चीज को दर्शाता है कि मानसिक दिवालियापन जो है वो भाजपा की सांसद के बयानों में झलक रहा है। 
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विक्रमादित्य सिंह ने कंहना रनौत को नसीहत देते हुए कहा कि जब आप एक चुने हुए पद पर होते हैं तो गंभीरता और सोच समझकर बयान देने चाहिए। क्योंकि इनका असर भारत तक ही नहीं विदेशों तक होता है और जो विदेशों के साथ हमारी कूटनीति होती है उस पर बड़ा प्रश्नचिन्ह पैदा करती है। मैं उनको कहना चाहता हूं कि उनको ज्यादा ध्यान मंडी संसदीय क्षेत्र के मुद्दों पर देना चाहिए। जिनके लिए अभी तक उनके पास समय नहीं है। वो एक दिन के तूफानी दौरे पर आती हैं और चली जाती हैं। उनको स्थिति सपष्ट करनी चाहिए श्वेत पत्र लाना चाहिए कि वो कितना सहयोग वो दिल्ली से हिमाचल प्रदेश के लिए लाई हैं खासकर मंडी संसदीय क्षेत्र के लिए। उनको विवादित बयानों से और सैंसलैस बयान जो वो समय समय पर देती हैं और जिनके लिए वो जानी जाती हैं उससे उनको बचना चाहिए।

सोमवार को हिमाचल कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष संजय अवस्थी ने कहा कि "राजनीति की समझ आने में कंगना रनौत को अभी समय लगेगा। फिल्मों में अभी तक कंगना स्क्रिप्ट पढ़कर काम करती रही है, लेकिन राजनीति फिल्मी स्क्रिप्ट पर नहीं चलती है। मंडी से सांसद बनने के बाद अब कंगना संवैधानिक पद पर हैं। इसलिए कंगना को अब मुद्दों की गंभीरता को समझ कर बयानबाजी करनी चाहिए"।

क्या है पूरा मामला
बता दें कि कंगना रनौत ने एक निजी अखबार को इंटरव्यू को में बयान दिया था कि ''अगर हमारा शीर्ष नेतृत्व मजबूत नहीं रहता तो किसान आंदोलन के दौरान पंजाब को भी बांग्लादेश बना दिया जाता। पंजाब में उपद्रवी किसान आंदोलन के नाम पर हिंसा फैला रहे थे। वहां रेप और हत्याएं हो रही थी। कंगना रनौत के इस बयान पर विपक्ष लगातार हमलावर है। कांग्रेस ने कंगना पर एनएसए के तहत एक्शन लिए जाने की मांग की है। 
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कंगना का बयान किसानों का अपमान : प्रतिभा
हिमाचल कांग्रेस अध्यक्ष प्रतिभा सिंह ने मंडी से भाजपा सांसद कंगना रनौत के किसान आंदोलन से जुड़े बयान की निंदा करते हुए कहा है कि भाजपा को इसके लिए देश के किसानों से माफी मांगनी चाहिए। कंगना का बयान देश के अन्नदाताओं का अपमान है जो किसी भी सूरत में सहन नही किया जा सकता। प्रतिभा सिंह ने भाजपा की आलोचना करते हुए कहा है कि देश ने भाजपा के किसान विरोधी चेहरे को पहले ही देख लिया है और अब कंगना का बयान भाजपा की सोची समझी रणनीति का ही एक हिस्सा है। उन्होंने कहा कि भले ही भाजपा ने अपने एक बयान में कंगना के बयान से पल्ला झाड़ लिया है पर भाजपा किसानों से माफी न मांगना उसके दोहरे चरित्र को उजागर करता है। 
 
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