गंभीर कैंसर की बीमारी जूझ रहे पिता के अहसनीय दर्द पर बिटिया ने स्कूल शिक्षा बोर्ड की बारहवीं कक्षा की मेरिट में दसवां स्थान हासिल मरहम लगाया है। बिटिया के हौंसलों ने परिवार को उस दर्द से राहत दी है जिसे वह बीते चार वर्षों से जूझ रहे है। परिवार में चली आर्थिक तंगी शायना के हौंसले तोड़ नहीं पाई। आर्थिक तंगी और संसाधनों की कमी के बावजूद राजकीय मॉडल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कांगू की शायना ने 500 में से 472 अंक लेकर कला संकाय की मेरिट सूची में दसवां जबकि जिला में पांचवां स्थान प्राप्त किया है। शायना का सपना आईपीएस अधिकारी बनना है।