हमीरपुर। एचआरटीसी की लचर व्यवस्था ने बस में सफर करने वाले यात्रियों को परेशानी में डाल दिया है। लगातार दो दिन एचआरटीसी की बसों ने बीच सफर में यात्रियों का साथ छोड़ दिया। इससे यात्रियों को निजी टैक्सियों और पैदल ही अपने गंतव्य तक पहुंचना पड़ा।
पहली घटना सोमवार को हुई जब हमीरपुर से सुजानपुर वाया कक्कड़ रूट पर सुबह 7:50 बजे निकली बस पुरली ठला में हांफ गई। एचआरटीसी की बस का पिछले वाला टायर फट गया था। अचानक टायर फटने पर चालक ने तुरंत बस रोक दी और सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल दिया। इस कारण स्कूली विद्यार्थियों सहित अन्य यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
घटना के बाद एचआरटीसी प्रबंधन ने अन्य बस का प्रबंधन किया, लेकिन हमीरपुर से अधिक दूरी होने के कारण बस करीब डेढ़ घंटे बाद मौके पर पहुंची। कई यात्रियों ने समय पर अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए निजी टैक्सियों का सहारा लेना पड़ा।
दूसरी घटना मंगलवार को घटित हुई, जब चली एचआरसुजानपुर वाया कक्कड़ रूट पर निकली एचआरटीसी की बस मात्र छह किलोमीटर का सफर कर बोहनी के नजदीक हांफ गई। अचानक प्रेशर पाइप में लीकेज होने से बस के इंजन से तेल निकलने लगा, जिस कारण बस को बीच सफर में रोकना पड़ा। एक बार फिर सवारियों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
उधर, घटना के बाद यात्रियों ने कहा कि कार्यशाला में नियमित रूप से जांच करने के बाद ही बसों को रूट पर रवाना करना चाहिए, ताकि ऐसी समस्याओं का सामना न करना पड़े। प्रभात सुधार सभा हमीरपुर के प्रधान प्रकाश चंद सेन ने जिला प्रशासन से आग्रह किया कि यात्रियों के जीवन की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
एचआरटीसी डिपो हमीरपुर के क्षेत्रीय प्रबंधक राजकुमार पाठक ने कहा कि पहली बार टायर पंक्चर हुआ था, जबकि दूसरी बार प्रेशर पाइप में लीकेज हुई थी। उन्होंने यात्रियों की सुविधा के लिए बस भेजने का आश्वासन दिया।
वोहनी में हांफी एचआटीसी की बस और अन्य बस का इंतजार करती सवारियां। स्रत्रोत : संवाद