धनेटा (हमीरपुर)। उपमंडल नादौन का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र धनेटा सुविधाओं और स्टाफ के अभाव में खुद बीमार चल रहा है। इस अस्पताल में स्टाफ की तैनाती होने के बावजूद यहां कोई नहीं मिलता है। इसका कारण यह है कि यहां के अधिकतर स्टाफ को डेपुटेशन पर नादौन भेजा जा रहा है। वर्तमान में एक डॉक्टर, एक फार्मासिस्ट, एक लैब तकनीशियन, एक स्टाफ नर्स, एक एमएचएस, एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी यहां पर सेवाएं दे रहे हैं। लेकिन, चार दिन से यहां पर तैनात एकमात्र डॉक्टर भी नहीं आ रहे हैं,, क्योंकि उनकी रात्रि ड्यूटी नादौन अस्पताल में लगाई गई है। साथ ही स्टाफ नर्स की ड्यूटी भी नादौन अस्पताल में लगाई गई है।
ऐसे में मरीजों का मर्ज बढ़ रहा है। यहां के लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं नहीं मिलने से लोग भड़क गए हैं। लोगों को उम्मीद थी कि वर्तमान सरकार इस अस्पताल की सुध लेगी, लेकिन कुछ नहीं हुआ। धनेटा अस्पताल के दर्जे को बढ़ाने की मुख्यमंत्री की घोषणा कब पूरी होगी, इस पर सभी की निगाहें हैं। पूर्व पंचायत समिति उपाध्यक्ष केशव कपिल, धनेटा पंचायत की प्रधान मधुबाला, राजू विज, अजय विज, संदीप कुमार, अनुज कुमार, राजेश नंदा सहित अन्य ने सरकार व विभाग से मांग की है कि जल्द इस अस्पताल की व्यवस्थाओं को सुधारा जाए।
उधर, सीएमओ डॉ. आरके अग्निहोत्री ने बताया कि वह अभी कार्यालय से बाहर हैं और धनेटा अस्पताल के स्टाफ की नादौन अस्पताल में लगने वाली ड्यूटी के बारे में बाद में ही बता पाएंगे। उधर, नादौन के पूर्व विधायक और एचआरटीसी के उपाध्यक्ष विजय अग्निहोत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने इस अस्पताल के दर्जे को बढ़ाने की घोषणा कर दी है। जल्द ही मुख्यमंत्री की घोषणा को अमलीजामा पहना दिया जाएगा।