रंगस (हमीरपुर)। जोलसप्पड़ स्थित डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के नए परिसर में शनिवार को शिमला से पहुंची टीम ने फर्नीचर की गुणवत्ता की जांच की। टीम ने अस्पताल और प्रशासनिक भवन के लिए उपलब्ध करवाए फर्नीचर की गुणवत्ता और उपलब्धता का निरीक्षण किया।
करीब डेढ़ वर्ष की देरी और तीन बार एजेंसी बदलने के बाद नए परिसर में फर्नीचर की आपूर्ति शुरू हुई है। फर्नीचर पहुंचने से लंबे समय से मेडिकल कॉलेज की शिफ्टिंग प्रक्रिया में तेजी आने की उम्मीद है।
अस्पताल और प्रशासनिक भवन में फर्नीचर स्थापित होने के बाद मेडिकल कॉलेज को नए परिसर में स्थानांतरित करने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी। अब तक फर्नीचर की कमी शिफ्टिंग में बड़ी बाधा बनी हुई थी।
फर्नीचर सत्यापन के बाद लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ भवन हैंडओवर सहित अन्य तकनीकी और प्रशासनिक विषयों पर भी चर्चा की गई। इस अवसर पर स्वास्थ्य सेवा निदेशक डॉ. गोपाल बेरी, मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. रमेश भारती, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. देशराज शर्मा सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
कोट
मेडिकल कॉलेज को जल्द ही नए भवन में शिफ्ट कर दिया जाएगा। लोगों को पहले से बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलेंगी।
-डॉ. रमेश भारती, प्रधानाचार्य, मेडिकल कॉलेज, हमीरपुर