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Hamirpur (Himachal) News: कोटला स्कूल में एआई, कोडिंग रोबोटिक्स और मशीन लर्निंग की पढ़ाई

Wed, 02 Apr 2025 12:13 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
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हमीरपुर। राजकीय माध्यमिक पाठशाला कोटला में विद्यार्थी अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस(एआई) से पढ़ाई करेंगे। स्कूल में दाखिला प्रक्रिया के साथ विद्यार्थियों के लिए स्कूल प्रशासन ने निजी तौर पर आर्टिफि शियल इंटेलिजेंस का नया पाठ्यक्रम शुरू कर दिया है। नया पाठ्यक्रम शुरू करने वाला कोटला स्कूल प्रदेशभर में पहला स्कूल बना है। स्कूल में कार्यरत स्टाफ ने यह पहल की है। स्कूल में छठी से आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थी आधुनिक माध्यमों से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की शिक्षा लेंगे।
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पाठ्यक्रम में छठी कक्षा के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सातवीं के लिए कोडिंग और रोबोटिक्स और आठवीं कक्षा के लिए मशीन लर्निंग विषयों को शुरू किया है। शैक्षणिक सत्र 2024-25 के समापन से पूर्व स्कूल प्रशासन की ओर से शिक्षा निदेशालय में नया सिलेबस शुरू करने की सूचना दी थी। सूचना के बाद अब स्कूल में दाखिला प्रक्रिया होते ही विद्यार्थियों को पढ़ाई करवाई जाएगी। विद्यार्थियों को पढ़ाने के लिए किताबें, नोट्स, लैपटॉप और विविध ऑनलाइन स्रोतों का इस्तेमाल किया जाएगा। इसके अलावा अध्यापक पाईथन टोकन, तार्किक सोच , को-पायलट, चैट जीपीटी चलाने और इसके प्रयोगों की जानकारी भी देंगे ताकि विद्यार्थियों को आधुनिकता के साथ जोड़ा जा सके। स्कूल स्टाफ और प्रबंधन समिति के सहयोग से स्कूल में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की शिक्षा शुरू हुई है।



स्कूल में छठी से आठवीं कक्षा तक के विद्यार्थी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की शिक्षा ग्रहण करेंगे। स्कूल में छठी कक्षा के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सातवीं के लिए कोडिंग और रोबोटिक्स और आठवीं कक्षा के लिए मशीन लर्निंग विषयों को शुरू किया है।
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-विजय हीर, मुख्याध्यापक, कोटला स्कूल




आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का महत्व
नई शिक्षा नीति के अनुसार कक्षा छठी से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और कोडिंग की शिक्षा अनिवार्य है। वर्ष 2035 तक देश में लाखों नौकरियां उन विद्यार्थियों को मिलने वाली हैं जो कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और कोडिंग, कंप्यूटेशनल थिंकिंग और डिजिटल लिटरेसी में निपुण होंगे। हिमाचल प्रदेश में इस बारे में अब तक पाठ्यक्रम तय नहीं हुआ है और न ही पाठ्यपुस्तकें बनी हैं। ऐसे में स्कूल प्रशासन निजी तौर पर पाठ्यक्रम को शुरू कर रहे हैं।
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