स्वास्थ्य खंड टौणी देवी में फैले डायरिया के कारण नहीं हो पाए स्पष्ट
कुल मामलों की संख्या 49 पहुंची, पूर्व में भी इन्हीं गांवों में छह माह पूर्व फैला था डायरिया
संंवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। स्वास्थ्य खंड टौणी देवी में छठे दिन मंगलवार को डायरिया के तीन मामले सामने आए। कुल मामलों की संख्या 49 हो गई है। बोहणी, हरनेड़ व बफड़ी, छियोड़ी, बुराहण में डायरिया के मामले सामने आ रहे हैं। मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग ने पानी के सैंपल नहीं लिए। हालांकि, पहले लिए गए छह सैंपलों की रिपोर्ट अभी तक मेडिकल कॉलेज की माइक्रोबॉयोलॉजिकल लैब से नहीं आई है। जबकि, रिपोर्ट आने में अधिकतम 72 घंटे लगते हैं। डायरिया को फैले छह दिन हो गए हैं और कारण ही पता नहीं चल पाए हैं। ऐसे में इन पांचों गांवों में डायरिया कैसे फैला, यह स्पष्ट नहीं हो सका है। मेडिकल कॉलेज व सीएमओ कार्यालय की दूरी महज 500 मीटर है। वहीं, सैंपलिंग भी वीरवार से की जा रही है। लेकिन, मेडिकल कॉलेज आज तक रिपोर्ट देने में समर्थ नहीं हो पाया है। ऐसे में मेडिकल कॉलेज की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। करीब चार माह पहले भी इन्हीं पंचायतों में सैकड़ों लोग डायरिया से प्रभावित हुए और उस समय भी कारण नहीं पता चले और अभी तक भी कारण पता नहीं चले हैं। ऐसे में विभागों की लेटलतीफी का खामियाजा इन गांवों के लोग चुका रहे हैं।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रवीण कुमार चौधरी ने कहा कि तीन नए मामले सामने आए हैं और पानी के सैंपल की रिपोर्ट अभी तक नहीं आई है। मेडिकल कॉलेज हमीरपुर के प्राचार्य डाॅक्टर रमेश भारती ने कहा कि पानी का कल्चर और सेंसटिविटी टेस्ट किया जाता है। कल्चर टेस्ट में बैक्टीरिया की पुष्टि होने पर सेंसटिविटी टेस्ट भी किया जाता है। इस प्रक्रिया में कुछ दिन लगते हैं।